अयोध्या। किशोरी का अपहरण करके उसके साथ दुष्कर्म करने के एक मामले में कोर्ट ने दोषी पाते हुए युवक को 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। युवक पर 1.30 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। फैसला विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अमर सिंह की अदालत ने सुनाया।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता विजय ओझा ने बताया कि घटना तीन जनवरी 2018 की सुबह नौ बजे की है। कुमारगंज थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली किशोरी गाजियाबाद में रहकर पढ़ती थी। वह गांव आई थी। फर्रुखाबाद निवासी अभियुक्त सुखबीर के बहलाने-फुसलाने पर यहां से बस से लखनऊ गई और फिर वहां से गाजियाबाद चली गई। बस अड्डे पर उसने ऑटो ड्राइवर सुखबीर को फोन करके बुलाया। सुखबीर उसे घर ना ले जाकर फर्रुखाबाद ले गया। वहां उसके दोस्त ने किराये का मकान दिलवाया। यहां पीड़िता को सुखबीर ने खाने में कुछ मिलाकर खिला दिया। इसके बाद उसके साथ दुष्कर्म किया। किशोरी के गायब होने पर परिजनों ने एफआईआर दर्ज कराई। पुलिस उसे ढूंढते हुए उस मकान तक पहुंच गई। पुलिस ने सुखबीर के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में प्रस्तुत किया। सुनवाई के बाद कोर्ट ने दोषी पाते हुए सजा दी।