जिले में मनरेगा, इंदिरा आवास और लोहिया आवास निर्माण के पंजीकरण की प्रगति की समीक्षा में कई पर गाज गिरी है। दो ग्राम सचिवों को निलंबित कर दिया गया है।
बैठक में अनुपस्थित पाए जाने पर नौ लोगों का एक दिन का वेतन रोक दिया गया। इसके अलावा 18 को खराब प्रगति के चलते चेतावनी दी गई है।
मुख्य विकास अधिकारी अरविंद मल्लपा बंगारी और परियोजना निदेशक डीआरडीए एके मिश्र ने शनिवार को रुदौली में चार ब्लॉकों और मसौधा में साथ विकासखंड के आवास और मनरेगा के कार्यों की समीक्षा की।
बताया गया है कि बैठकों में कई के खिलाफ कार्रवाई की गई है। रुदौली और मसौधा की बैठक में एक-एक ग्राम सचिव को निलंबित करने का निर्देश मुख्य विकास अधिकारी ने दिया।
ये दोनों सोहावल व तारुन में तैनात हैं। बैठक में अनुपस्थित पाए गए सोहावल, रुदौली, मया, मिल्कीपुर ब्लॉकों के आठ सचिवों का एक दिन का वेतन रोका गया। एक अकाउंटेंट भी कार्रवाई के दायरे में आया है।
मसौधा के एक ग्राम सचिव को मुख्यालय से अटैच करने के लिए कहा गया है। परियोजना निदेशक एके मिश्र ने बताया कि आवास और मनरेगा में प्रगति ठीक न होने पर कार्रवाई के लिए मुख्य विकास अधिकारीने निर्देश दिया है।
मुख्य विकास अधिकारी अरविंद मल्लपा बंगारी ने बताया कि समीक्षा में दो ग्राम सचिवों को निलंबित कर दिया गया है। नौ लोगों का एक दिन का वेतन रोका गया है।
18 लोगों को सप्ताह भर में काम सुधारने के लिए नोटिस/चार्जशीट दी गई है। यदि काम में सुधार नहीं हुआ तो निलंबन किया जाएगा।