सरयू तट पर जले दीप व हुई आरती।
- फोटो : FAIZABAD
अयोध्या। अगहन मास की तृतीया को सरयू तट एक बार फिर दीपों से आलोकित हुआ। कनक भवन के मुख्य पुजारी दिनेश महाराज के संयोजन में आयोजित महोत्सव में सरयू तट पर 11 हजार दीप जलाकर मां सरयू की महाआरती उतारी गई। इस दौरान पूरा सरयू तट जय श्रीराम, जय सरयू माता... के जयकारों से गुंजायमान होता रहा।
पुजारी दिनेश महाराज द्वारा करीब दशक भर से कार्तिक पूर्णिमा के बाद यह उत्सव मनाया जाता रहा है, पर रामलला पर भव्य मंदिर निर्माण कार्य के बीच इस बार का उत्सव विशेष था। दीप मालाओं से सीताराम लिखकर न केवल भगवान के प्रति आस्था निवेदित की गई थी, बल्कि अनेक पुष्प की मालाओं से समूचा कार्यक्रम स्थल मन मोह रहा था।
पुजारी राकेश महाराज ने बताया कि अत्यंत प्रसन्नता की बात है कि विगत वर्षों की भांति इस वर्ष भी कनक भवन सरकार की कृपा एवं प्रेरणा से झुनकी घाट अयोध्या सरयू तट पर महाआरती के साथ दीपोत्सव का विशेष आयोजन हुआ। दीपों की रोशनी से आलोकित सरयू तट व मां सरयू की भव्य महाआरती का दर्शन कर भक्त निहाल नजर आए। घंटों सरयू घाट पर उत्सव का माहौल रहा।
इस कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने से लेकर आयोजन तक में दीपोत्सव से जुड़े आशीष मिश्र और उनकी टीम का विशेष सहयोग रहा। इस कार्यक्रम में दीपा लोक कला एवं जनजाति संस्थान, ज्योत्सना सिंह और उनकी टीम, वाणी विकलांग सेवा समिति, वशिष्ठ फाउंडेशन आदि का भी सहयोग रहा। इस अवसर पर जगदगुरु रामदिनेशाचार्य, महंत अंजनी शरण, संत मिथिलाबिहारी दास, महंत पवन कुमार दास शास्त्री, प्रियेश दास, अजीत पांडेय, हिमांशु मिश्र आदि लोग उपस्थित रहे।