रंग महल मंदिर में चंपत राय के साथ चर्चा करतीं उमा भारती।
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अयोध्या। बाबरी ध्वंस केस में अपना बयान दर्ज कराने लखनऊ सीबीआई कोर्ट पहुंची उमा भारती मंगलवार दोपहर अचानक अयोध्या पहुंच गईं। सर्वप्रथम उन्होंने हनुमानगढ़ी जाकर हाजिरी लगाई। इसके बाद रामलला व कनकभवन में पूजन किया। रामलला की सायंकाल आरती में भी वह शामिल हुईं। रंगमहल में गोपूजन किया और यहीं पर राममंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के साथ राममंदिर निर्माण को लेकर चर्चा भी की।
उमा भारती ने पत्रकारों से बातचीत में चाइनीस एप्स के बहिष्कार करने के फैसले को देश का फैसला बताया। उन्होंने कहा जो भी प्रधानमंत्री करेंगे उसको पूरा देश स्वीकार करेगा। उमा भारती ने कहा कि जो भी बातें बिगड़ गईं हैं, वह प्रधानमंत्री के नेतृत्व काल में ही दोबारा से सुधर जाएंगी।
लखनऊ सीबीआई कोर्ट में बाबरी ध्वंस का मुकदमा होने की कारण उन्होंने राम मंदिर मामले पर सीधे तौर पर कुछ भी बोलने से परहेज किया। लेकिन इशारों-इशारों में साफ कर दिया कि जो संतों की इच्छा है, जो रामभक्तों की इच्छा है, वह सब पूरी हो रही है।
भगवान उसे पूरा कर रहा है। संतों की जो भी इच्छा है वह हमेशा पूरी हुई है और आगे भी पूरी होगी। राममंदिर मॉडल के सवाल पर कहा कि मंदिर बनाने वाले जो करेंगे वह अच्छा ही करेंगे। इस दौरान रंगमहल मंदिर के महंत रामशरण दास, विहिप के केंद्रीय मंत्री राजेंद्र सिंह पंकज सहित अन्य मौजूद रहे।
रंगमहल मंदिर में सरयू का किया पूजन
उमा भारती रामजन्भूमि से सटे प्राचीन रंगमहल मंदिर भी पहुंची। यहां मंदिर में करीब आधा घंटा तक पूजन किया। मंदिर के महंत रामशरण दास ने उमा भारती को रामनामी भेंटकर उनका स्वागत सत्कार किया। महंत रामशरण दास ने बताया कि वर्षों से रामलला की नित्य परिक्रमा करने वाली गौ माता सरयू का भी उमा भारती द्वारा पूजन किया गया। उन्होंने गाय को गुड़ खिलाया और कहा कि गो माता सरयू की तपस्या एवं परिक्रमा के फलस्वरूप ही आज रामलला का भव्य मंदिर बनने जा रहा है। यहीं पर राममंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय से राममंदिर निर्माण को लकर भी चर्चा की।