अयोध्या। अयोध्या की धर्म, संस्कृति और परंपरा के साथ ध्यान, धारणा के लिए रामचलित मानस अनुभव केंद्र की स्थापना होगी। गुप्तारघाट के निकट 75 एकड़ में स्थापित होने वाला यह केंद्र पूरी तरह से अस्थायी होगा। अयोध्या विकास प्राधिकरण से स्थापित कराए जाने वाले इस केंद्र की स्थापना का व्यय एक एजेंसी करेगी।
श्रीराम जन्मभूमि में भव्य मंदिर निर्माण के साथ ही नागरिक सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। अब श्रद्धालुओं की अयोध्या यात्रा को यादगार और विश्वस्तरीय सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास शुरु किया गया है। इसके तहत गुप्तारघाट के समीप सरयू नदी के निकट 75 एकड़ से अधिक क्षेत्रफल में श्रीराम चलित मानस अनुभव केंद्र के स्थापना की कार्ययोजना है। इसे एडीए स्थापित कराएगा।
कमिश्नर गौरव दयाल ने बताया कि यह केंद्र आने वाले श्रद्धालु भक्तों की यात्रा को यादगार बनाएगा। राम चलित मानस अनुभव केंद्र श्रीराम के जीवन चरित्र के साथ ही उनके जन्मस्थान अयोध्या और उत्तर प्रदेश की संस्कृति व परंपरा का अहसास कराएगा। इसका निर्माण पूर्णतया अस्थायी होगा। इसमें 16 गुणा 16 फीट के टेंट लगाए जाएंंगे। निश्चित दूरी पर मेडिकल सुविधाओं से लैस कमरे व हर 50 मीटर की दूरी पर बायो डाइजेस्टिव शौचालय स्थापित किए जाएंंगे। उन्हाेंने बताया कि प्राधिकरण ने टेंडर के माध्यम से वाराणसी की अभियंत्रण नामक एजेंसी का चयन कर लिया गया है। इसमें प्राधिकरण स्वयं धन व्यय नहीं करेगा, बल्कि प्राइवेट एजेंसी ही निवेश करेगी।
इन सुविधाओं से सज्जित होगा अनुभव केंद्र
इस अनुभव केंद्र में 100 टेंट की सिटी के साथ राम दरबार, धार्मिक हाट, टायलेट ब्लाक, लैंडस्केप जोन, ओपन सिटिंग, सीता रसोई (किचन), श्री राम जल समाधि स्थल, लोक नृत्य स्टेज, म्यूजिक स्टेज, रामलीला इंटरटेनमेंट जोन, सिटिंग प्लाजा, अमरेला सेंड सिटिंग, फायर्स शो स्टेज, अनुभव केंद्र, कलाग्राम, श्रीराम जाप पथ, ध्यान गुफा, योगा क्षेत्र, गेस्ट रूम, ओपेन एयर थिएटर, हीलिंग गार्डन, बाजार हाट, फू़ूड कोट, बहु उद्देश्ययीय हाल, घुड़ सवारी/इंडोर स्पोर्ट एरिया सहित अन्य सुविधाएं होंगी। बताया कि वाटर स्पोर्ट्स की सुविधा भी विकसित की जाएगी।