यूआरएमयू के बाद गुरुवार से एनआरएमयू ने सातवें वेतन आयोग की रिपोर्ट के खिलाफ रेल कर्मियों के हड़ताल पर जाने या न जाने के पक्ष में वोट के माध्यम से अपना फैसला सुनाने का कार्य शुरू किया।
रायशुमारी का कार्य शुक्रवार को भी चलेगा। बाराबंकी के रसौली से लेकर अकबरपुर के कटेहरी तक वोट डाला गया। फैजाबाद में ही शाम तक करीब चार सौ रेल कर्मियों ने वोट के माध्यम से अपना मत पेटियों में कैद किया।
एनआरएमयू के मंडल अध्यक्ष आरजे कनौजिया ने बताया कि केंद्रीय कर्मियों के लिए हुई संस्तुतियों, न्यू पेंशन स्कीम और दूसरे प्रस्तावों पर हड़ताल के लिए शुरू वोटिंग का यह कार्य शुक्रवार को समाप्त होगा।
यूनियन के कुल 1550 वोटर हैं। एक टीम को बैलेट बाक्स के साथ रसौली और दूसरी टीम को कटेहरी रवाना किया गया है। यह टीम रेलवे स्टेशनों, गेटों, लाइन और पुलों पर काम करने वाले कर्मियों से वोट डलवायेगी।
मंडलाध्यक्ष कनौजिया ने बताया कि केंद्र के हठवादी रवैये से 11 अप्रैल की प्रस्तावित हड़ताल टलती नहीं दिख रही है। कर्मचारी विरोधी वेतन संस्तुतियों एवं नई पेंशन योजना से रेलकर्मी नाराज हैं।
ऐसे में हड़ताल पर जाने के लिए रेल कर्मियों के बीच रायशुमारी को मतदान कराया जा रहा है। मतदान करने के लिए लाइन में लगे अधिकारियों व कर्मियों में आरजे कनौजिया, शाखाध्यक्ष सुदर्शन सिंह, मंत्री हीरालाल, एसएस जीपी सिंह, बीपी मिश्र, डीके त्रिपाठी, पवन कुमार शामिल रहे।