आरोप है कि तीन लाख नगदी व बाइक न देने पर विवाहिता को जलाकर मार डाला गया। घटना बुधवार रात आठ बजे के आसपास की बताई जाती है।
मृतका के पति का कहना है कि पत्नी को बचाने में उसका पैर टूट गया और वह आंशिक रूप से झुलस गया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा हैै।
रामपुरभगन निवासी रामप्रसाद माली के बेटे धर्मेंद्र सैनी का विवाह 19 दिसंबर 2012 को अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र के राधेपुर धावा वाजिदपुर निवासी संतराम माली की बेटी पूनम से हुआ था।
धर्मेंद्र व पूनम की दो वर्ष की बेटी लवी भी है। धर्मेंद्र के घरवालों का कहना है कि बुधवार शाम बिजली चली जाने पर पूनम लालटेन जलाकर उसमें केरोसिन डालने लगी।
तभी अधिक तेल गिरने से लालटेन भभककर जलने लगी। इसकी चपेट में आकर पूनम के कपड़ों में आग लग गई। पूनम के चीखने पर घर के बाहर बैठी उसकी सास दौड़ीं तो भीतर बहू को जलते देख दंग रह गईं।
उन्होंने तुरंत बेटे धर्मेंद्र व पड़ोसियों को बुलाया। पत्नी को बचाने के प्रयास में धर्मेंद्र के दोनों हाथ मामूली रूप से झुलस गए और उसका एक पैर भी टूट गया।
गंभीर रूप से झुलसी पूनम को परिवारीजन एक निजी अस्पताल ले गए, जहां से उसे जिला अस्पताल भेज दिया गया। जिला अस्पताल में चिकित्सकों ने पूनम के 70 प्रतिशत से अधिक जलने के कारण लखनऊ ले जाने की सलाह दी।
मगर इसी बीच पूनम की मौत हो गई। खबर पाकर पूनम के मायके वाले रामपुर भगन पहुंचे और ससुराल वालों पर उसे जलाकर मारने का आरोप लगाकर हंगामा करने लगे।
पूनम के भाई राम आशीष व अशोक कुमार ने दहेज प्रताड़ना का आरोप लगाया। कहा कि, बहनोई धर्मेंद्र व उसकी मां मालती नगदी व बाइक की मांग को लेकर पूनम को प्रताड़ित करते थे।
इसी वजह से पूनम को जलाकर मारा गया है। थानाध्यक्ष कृष्णकुमार गुप्ता ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। धर्मेंद्र व उसकी मां मालती के विरुद्ध दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है।