पान मसाला ‘कमला पसंद’ का नमूना जांच में फेल पाया गया है। मसाले में ऐसे पदार्थ पाए गए हैं जिन्हें नहीं होना चाहिए। असुरक्षित के साथ साथ ही स्वास्थ्य के लिए हानिकारक पदार्थ भी इसमें पाए गए हैं।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी रत्नाकर पांडेय ने 24 नवंबर 2015 को नया घाट अयोध्या से ‘कमला पसंद’ का नमूना भरा। इसे खाद्य पदार्थों की जांच करने वाली राज्य स्तरीय आगरा की प्रयोगशाला को भेजा गया लेकिन यहां से इसका नमूना पास हो गया।
इसमें कोई हानिकारक पदार्थ न पाए जाने की बात लिखी गई। खाद्य विभाग को इस पर शक हुआ तो इसे जांच के लिए सेंट्रल लैब कोलकाता भेजा गया। यहां की रिपोर्ट चौंकाने वाली रही। ‘कमला पसंद’ के नमूने मे मैग्नीशियम कार्बोनेट पाया गया जिसे इसमें नहीं होना चाहिए।
इसके साथ ही .495 पाए जाने वाले क्रोमियम की मात्रा 50 पीपीएम पाई गई। इसके अलावा सोडियम के साथ ही जिंक की मात्रा भी 15 के स्थान 50 पीपीएम पाई गई है। इसे अधोमानक और स्वास्थ्य के लिए हानिकारक बताया गया है।
अभिहित अधिकारी वीके पांडेय ने भी इसकी पुष्टि की है। उनकी माने तो आगरा लैब की जांच रिपोर्ट पर सवाल खडे़ हो रहे हैं। दोनों लैब की रिपोर्टों को खाद्य आयुक्त लखनऊ को भेज दिया गया है।
जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ. नानक शरन का कहना है कि ‘कमला पसंद’ के नमूने में पाए गए तत्व मानव स्वास्थ्य के लिए घातक हैं। इसका सेवन मन, मस्तिष्क, किडनी और हृदय को प्रभावित कर सकता है। मुख कैंसर की संभावनाएं प्रबल हो जाती हैं।