अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विवि में कर्मचारियों का कार्य बहिष्कार सातवें दिन भी जारी रहा। कर्मचारियों के आंदोलन के चलते विवि कैंपस की मिड सेमेस्टर परीक्षा नहीं शुरू हो सकी है।
यह परीक्षा 10 दिसंबर से प्रस्तावित थी। दूसरी ओर कर्मचारियों ने मंगलवार को वार्ता का बहिष्कार कर दिया। कर्मचारियों का कहना है कि जिस अधिकारी की बर्खास्तगी की मांग की जा रही है, उसे ही बैठक की अध्यक्षता करनी है। इस कारणवश वार्ता का भी बहिष्कार किया गया है।
अवध विवि में सात दिनों से चल रहे कार्य बहिष्कार के चलते अवध विवि के प्रशासनिक कार्य ढर्रे से उतर गए हैं। मुख्य परीक्षा के कार्य से लेकर विवि के समस्त आवश्यक कार्य प्रभावित चल रहे हैं।
पिछले दो दिनों से अधिकारी भी कार्यालयों में कम बैठ रहे हैं। इससे पूरी व्यवस्थाएं ढर्रे से उतर गई है। शैक्षणिक कार्य पूरी तरह से प्रभावित हैं। केंद्रीय लाइब्रेरी में अक्सर ताला लटक जा रहा है।
विभागों के ऑफिस कार्य भी ठप पड़े हैं। अब विवि की ओर से इस बार कैंपस में लागू की गई मिड सेमेस्टर परीक्षा समय से नहीं हो पा रही हैं। विवि प्रशासन की ओर से 10 दिसंबर से मिड सेमेस्टर परीक्षा शुरू कराए जाने की रूपरेखा तय की गई थी लेकिन पिछले सात दिनों से चल रहे विवि कर्मचारियों के आंदोलन से कैंपस की मिड सेमेेस्टर परीक्षा शुरू नहीं हो पाई है। दूसरी ओर कर्मचारियों का आंदोलन व कार्य बहिष्कार मंगलवार को भी जारी रहा।
तृतीय श्रेणी कर्मचारी अध्यक्ष राजेश पांडेय ने बताया है कि सोमवार को देर शाम परीक्षा नियंत्रक उमानाथ का व्हाट्सअप पर वार्ता के लिए एक आमंत्रण पत्र मिला था। कर्मचारियों को वार्ता के लिए प्रशासनिक कमेटी की बैठक में शामिल होना था लेकिन कर्मचारी संगठन ने मंगलवार की सुबह बैठक कर निर्णय लिया कि जिस बैठक में शामिल होना है, उसकी अध्यक्षता प्रतिकुलपति की ओर से की जाएगी।
कर्मचारी अध्यक्ष का कहना है कि कर्मचारियों की सबसे पहली मांग यही है कि प्रतिकुलपति को हटाया जाए, इस कारण वश वार्ता का बहिष्कार कर दिया गया है। इसकी लिखित सूचना प्रशासनिक कमेटी की बैठक को भेज दी गई है। कार्य बहिष्कार के दौरान मुख्य रूप से राजेश कुमार पांडेय, उपाध्यक्ष सौरभ श्रीवास्तव, मंत्री श्याम कुमार, संयुक्त मंत्री दिलीप कुमार पाल सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।