अयोध्या। श्रीराम मंदिर के लिए श्रद्धालु मूवमेंट प्लान पर काम शुरू हो गया। श्रीराम जन्मभूमि पथ पर मंदिर के प्रवेश द्वार पर आठ एक्सरे बैगेज स्कैनर, 16 तलाशी बूथ, मेटल डिटेक्टर सहित अन्य व्यवस्था का खाका खींचा गया है। इसको लेकर मंडलायुक्त गौरव दयाल ने आर्किटेक्ट व वरिष्ठ अफसरों के साथ मंगलवार को संबंधित स्थलों का निरीक्षण किया। साथ ही रामपथ की प्रगति को भी देखा।
भविष्य में राम लला के दर्शन के लिए दर्शनर्थियों की बड़ी संख्या आएगी। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था प्रमुख मुद्दा होगा। अब इस पर काम शुरू किया जा रहा है। साथ ही प्रयास है कि दर्शन को आने वाले श्रद्धालुओं को व्यवस्था से कोई दिक्कत भी न हो।
मंडलायुक्त ने बताया कि रामपथ को 570 नंबरों (खंडों) में बांटा गया है। इस पर पत्थर लगाएं जाएंगे। मार्ग के नंबर 300 से 325 पर श्रीराम जन्मभूमि पथ से परिसर के जाने वाले प्रस्तावित मार्ग के एंट्री प्वॉइंट पर आठ एक्सरे बैगेज स्कैनर लगाए जाएंगे। इसके लिए एक सिविल स्ट्रक्चर भी बनाया जाएगा। इसके निर्माण के लिए आर्किटेक्ट जय कार्तिकर से डीपीआर एवं डिजाइन प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है।
उन्होंने बताया कि खंड नंबर 425 पर श्रीराम जन्मभूमि मंदिर जाने वाले दर्शनार्थियों की तलाशी के लिए 16 चेकिंग बूथ बनाए जाएंगे। इसमें आठ महिला व आठ पुरुषों के लिए होंगे। यहां पर डोरफ्रेम मेटल डिटेक्टर भी स्थापित कराए जाएंंगे।
बता दें कि इस पूरे मार्ग पर चौड़ाई एक समान नहीं है। लोक निर्माण विभाग पूरे रास्ते की चौड़ाई पर सर्वे कराकर आर्किटेक्ट जय कार्तिकर को उपलब्ध कराने का निर्देश मंडलायुक्त ने दिया। उन्होंने रामपथ के निरीक्षण में धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई।
पत्थरों की गुणवत्ता भी उनको ठीक नहीं मिली और बदलने के लिए कहा। उनके साथ डीएम नितीश कुमार, एसएसपी मुनिराज, नगर आयुक्त विशाल सिंह, एसपी सुरक्षा पंकज, आरएमओ अर्जुन सिंह, अवर अभियंता लोक निर्माण विभाग आशाराम सहित अन्य लोग मौजूद रहे।