इलाहबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर पूराकलंदर थाने के चांदपुर हरिवंश गांव क्षेत्र में हाईवे किनारे स्थित सूखी नाली के पास एक वकील का शव मिलने से क्षेत्र मेें हलचल मच गई। वह मंगलवार को कचहरी गए थे, लेकिन पूरी रात लापता रहे। परिवारीजनों ने हत्या की आशंका जताई है।
पुलिस को भी मौका-ए-वारदात की जांच कई संदिग्ध चीजें मिली हैं। अधिवक्ता के पास से कागजात व पहचान पत्र तक गायब मिले हैं। बाइक पास ही एक दुकान के सामने मिली है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाने के साथ पड़ताल शुरू कर दी गई है। अफसरों ने भी घटना को लेकर मौके पर जाकर पूछताछ की है। उधर, वकीलों ने बार की बैठक में शोक जताते हुए घटना की जांच और मौत के कारणों का पता लगाने की मांग की है। शोक में वकीलों ने काम-काज नहीं किया है।
पूराकलंदर थानाक्षेत्र के अंजना गांव निवासी अधिवक्ता 45 वर्षीय सुरेश कुमार ओझा मंगलवार सुबह नौ बजे कचहरी जाने के लिए अपनी मोटर साइकिल से घर से निकले थे। हालांकि रुटीन के मुताबिक शाम को घर नहीं लौटे। घर वापस होने में विलंब होने पर परिवारीजनों की चिंता बढ़ी और परिवारीजनों ने तलाश शुरू की, लेकिन देर रात तक कोई सुराग नहीं मिला।
बुधवार सुबह थाना क्षेत्र के चांदपुर हरिवंश गांव क्षेत्र में शीतल पेय फैक्ट्री के सामने हाईवे किनारे दुकान चलाने वाले लोग अपनी दुकान पर पहुंचे तो सड़क किनारे स्थित पक्की नाली किनारे स्थित तख्त के पास एक वकील को पड़ा पाया। हिलाने-डुलाने के बाद कोई हरकत न होती देख मामले की जानकारी आसपास के लोगों व पुलिस कंट्रोल रूम को दी।
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और पड़ताल शुरू की। तलाशी में काले कोटधारी मृतक के पास से कोई कागजात नहीं मिला, जिससे उसकी पहचान हो सके। आसपास के लोग मृतक की शिनाख्त नहीं कर पाये। इसी बीच वकील की तलाश कर रहे उनके परिवारीजन थाने पहुंचे तो पुलिस ने एक वकील का शव चांदपुर हरिवंश के पास मिलने की बात कही।
इसके बाद मौके पर पहुंचे परिवारीजनों ने मृतक की शिनाख्त अंजना गांव निवासी सुरेश कुमार ओझा के रूप में की। सुरेश कुमार ओझा की मोटर साइकिल घटनास्थल से थोड़ी दूर पर एक किराना दुकान के बगल से लावारिस पाई गई है। पुलिस ने मोटर साइकिल को कब्जे में लिया है।
किराना दुकानदार कल्लू का कहना है कि मंगलवार की रात लगभग नौ बजे वकील सुरेश कुमार ओझा ने अपनी बाइक उसकी दुकान के पास खड़ी की थी और पैदल ही कहीं चले गये थे। बुधवार को उनका शव मिलने के बाद मोटर साइकिल खड़ी होने के जानकारी पुलिस को दी। मृतक अधिवक्ता के बेटे आशू का कहना है कि परिवार मेें कोई ऐसी बात नहीं थी, जिससे पिता परेशान हों। ऐसे में वह आत्महत्या क्यों करेंगें? उसने आशंका जताई कि वह किसी साजिश के शिकार हुए हैं।