खंडासा थाना क्षेत्र के अमानीगंज बाजार में चल रही रामकथा के दौरान गुरुवार रात कथा स्थल पर पहुंची यूपी-100 पुलिस ने कथा व्यास को पीठ से खींचकर बदसलूकी की। कथा के दौरान हुई इस घटना को लेकर आक्रोशित स्थानीय लोगों व व्यापारियों ने शुक्रवार सुबह थाना घेर लिया और प्रदर्शन कर धरने पर बैठ गए।
इसकी सूचना मिलते ही विधायक और सीओ भी मिल्कीपुर थाने पहुंच गए। सीओ ने आक्रोशित लोगों को शांत कराते हुए दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना खत्म हुआ।
अमानीगंज बाजार के रामलीला मैदान में व्यापारियों के सहयोग से रामकथा चल रही थी। गुरुवार को कथा का अंतिम दिन था और शुक्रवार को हवन पूजन के साथ कन्या भोज का कार्यक्रम था।
गुरुवार रात करीब साढ़े नौ बजे कथा व्यास रामकथा कह रहे थे, तभी पहुंची डायल-100 पुलिस ने स्थानीय लोगों व व्यापारियों की मौजूदगी में कथा व्यास को पीठ से खींच कर नीचे उतार लिया और बदसलूकी की।
पीड़ित कथा व्यास अनंतदेव प्रभु ने बताया कि बुधवार को उन्हें लेकर स्थानीय व्यापारी परमानंद उर्फ पुत्तन अपनी बाइक से रुदौली के लिए निकले थे, रास्ते में बाइक अनियंत्रित हो गई जिसमें दोनों बाइक सवार कथा व्यास व व्यापारी चोटहिल हो गए।
मौके पर पहुंची पुलिस व व्यापारियों ने दोनों घायलों को सीएचसी पहुंचाया। जहां उपचार किया गया। पुलिस की मौजूदगी में दोनों लोगों ने सुलहनामा भी सौंप दिया कि हम कोई कार्रवाई नहीं चाहते हैं।
इस घटना के बाद गुरुवार को कथा के दौरान पहुंची डायल-100 पुलिस टीम के दारोगा प्यारेलाल व अन्य सिपाहियों ने कथा के दौरान आकर अभद्रता की और कार्रवाई की चेतावनी भी दी। एसएसपी को संबोधित शिकायती पत्र में कथा व्यास ने बताया है कि शुक्रवार की सुबह शिकायत करने थाने पहुंचा तो पुलिस ने फिर धमकाया।
इसके बाद क्षेत्र के तमाम लोग व व्यापारी पहुंच गए। कार्रवाई की मांग को लेकर आक्रोशित लोगों ने नारेबाजी करते हुए थाने में धरने पर बैठ गए। मौके पर पहुंचे विधायक गोरखनाथ ने कथा व्यास को कार्रवाई का आश्वासन दिलाया और धरना समाप्त कराया।
मौजूद सीओ ने भी कथा व्यास और आक्रोशित लोगों को कार्रवाई का भरोसा दिलाया। सीओ दयाशंकर सिंह ने बताया कि तहरीर मिली है, जांच कर दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।