अयोध्या। प्राण प्रतिष्ठा में पहुंचने वाले विशिष्टजनों को हार्ट व न्यूरोलॉजी संबंधी समस्या होने पर सरकारी इलाज के इंतजाम नहीं हैं। इसके लिए डिप्टी सीएम के निर्देश पर दो निजी अस्पतालों से अनुबंध की तैयारी है। स्वास्थ्य विभाग ने दोनों अस्पतालों से इलाज संबंधी शुल्क दर मांगा है, जिसकी स्वीकृति के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जाएगा।
जिले के मेडिकल कॉलेज समेत किसी भी सरकारी अस्पताल में सुपर स्पेशियलिटी सेवाओं के लिए न तो मजबूत संसाधन हैं ना ही चिकित्सकों की तैनाती है। आसपास के जिलों में भी कमोवेश ऐसा ही हाल है। बीते दिनों डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा की तो यह प्रमुख समस्या सामने आई थी। आशंका जताई गई कि प्राण प्रतिष्ठा के दौरान श्रद्धालु व अन्य विशिष्टजनों को हार्ट व न्यूरोलॉजी संबंधी सेवाओं की जरूरत पड़ सकती है। इसे लेकर डिप्टी सीएम ने स्थानीय स्तर पर इंतजाम करने के निर्देश दिए थे। इसके अनुपालन में स्वास्थ्य विभाग ने तैयारी शुरू की है।
सीएमओ डॉ. संजय जैन ने बताया कि ह्रदय रोग संबंधी इलाज के लिए कैथलैब युक्त हर्षण ह्रदय संस्थान व न्यूरोलॉजी की सेवाओं के लिए राज राजेश्वरी अस्पताल के संचालकों से वार्ता हुई है। उनके शुल्क दर लेकर स्वीकृति के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जाएगा। अन्य विकल्पों की तलाश भी की जा रही है।