अयोध्या में सोमवार शाम से दीपोत्सव की तैयारी है। यहां दीवाली जैसा माहौल बनाया जाएगा, इस दौरान प्रशासन की अपील पर रामनगरी के खास 25 स्थानों तैयारी है, जबकि व्यापारी व समाजसेवी संगठनों ने फैजाबाद में भी सभी तिराहे-चौराहों पर दीपोत्सव की तैयारी के साथ लाइटिंग भी सजाई है। शहर में लाखों दिए जलाए जाएंगे। वहीं आम लोग भी अपने घरों के बाहर दिए जलाएंगे। श्रीरामजन्मभूमि में सजावट से लेकर खास दीपोत्सव की तैयारी अवध विवि की छात्राओं के जिम्मे हैं।
भूमिपूजन से पहले अयोध्या में सैनिटाइजेशन
राम मंदिर के भूमिपूजन से पहले अयोध्या में रविवार को सैनिटाइजेशन का काम हो रहा है। यहां तेजी से कोरोना संक्रमितों की संख्या ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। रामलला के एक सहायक पुजारी समेत परिसर की सुरक्षा में तैनात डेढ़ दर्जन जवान पॉजिटिव आ चुके हैं। इस काम में उत्तर प्रदेश फायर सर्विस की मदद ली जा रही है। लखनऊ से आधा दर्जन टीमें भी आ चुकी हैं।
पीएम की सुरक्षा का हुआ रिहर्सल, 3500 सुरक्षाकर्मियों की तैनात
राम मंदिर निर्माण के लिए भूमिपूजन करने आ रहे पीएम मोदी के काफिले को लेकर रविवार को आला अधिकारियों ने रिहर्सल किया। इस दौरान एसपीजी की टीम भी थी। एडीजी एसएन सांबत ने बताया कि सुरक्षा के लिए राम नगरी में 3,500 सुरक्षाकर्मी को तैनात किया जा रहा है। भूमि पूजन स्थल के आसपास और वीवीआईपी के रूट पर घरों व इमारतों की छतों में स्नाइपर्स तैनात किए जाएंगे। साथ ही एटीएस की कमांडों टीमें भी मौजूद रहेंगी। आर्टीफीशियल इंटेलिजेंस वाले पांच हजार सीसीटीवी कैमरों के जरिए कार्यक्रम स्थल समेत अयोध्या के विशेष इलाकों की निगरानी की जाएगी। ड्रोन कैमरों के जरिए आसमान से भी नजर रखी जाएगी। पीएम के दौरे और रॉ के इनपुट के मद्देनजर सुरक्षा इंतजाम पुख्ता किए जा रहें हैं।
हनुमानगढ़ी में भी होगा सर्व कार्य सिद्धार्थ अनुष्ठान
तीन दिवसीय राम मंदिर भूमि पूजन अनुष्ठान में हनुमानगढ़ी का भी एक कार्यक्रम ट्रस्ट की ओर से जोड़ा गया है। यहां हनुमान जी से सर्व कार्य सिद्धार्थ उनके निशान की पूजा रविवार को सीएम को योगी आदित्यनाथ को करनी थी, मगर एक कैबिनेट मंत्री की कोरोना से मौत के कारण दौरा टलने से कार्यक्रम भी टल गया है। मान्यताओं के अनुसार हनुमान जी अयोध्या के अधिष्ठाता हैं, इसलिए उनके निशान की पूजन के साथ ही निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। अब यह आयोजन 4 अगस्त को सुबह 8 बजे होगा।