उत्तर प्रदेश के फैजाबाद स्थित अयोध्या में बनने वाले भव्य राम मंदिर से जुड़े फैसले करीब 600 किलोमीटर दूर स्थित दिल्ली के ग्रेटर कैलाश में लिए जाएंगे। राम मंदिर निर्माण के लिए नवगठित ट्रस्ट श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र का कार्यालय आर-20 ग्रेटर कैलाश पार्ट-वन में होगा। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने बुधवार को इस बात की जानकारी दी।
गृह मंत्रालय से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि अयोध्या एक्ट 1993 पर खास क्षेत्र का अधिग्रहण 7 जनवरी 1993 से ही प्रभाव में है और उत्तर प्रदेश के अयोध्या डिवीजन के डिवीजनल कमिश्नर को क्षेत्र के कब्जे और इसके प्रबंधन के लिए अधिकृत व्यक्ति नियुक्त किया था।
सुप्रीम कोर्ट के 9 नवंबर 2019 के आदेश के अनुपालन के लिए भारत सरकार ने एक योजना को मंजूरी दी है जिसके तहत ट्रस्ट के संचालन के संदर्भ में जरूरी प्रावधान किए गए हैं।
5 फरवरी के आदेश में कहा गया है कि मंदिर निर्माण समेत ट्रस्ट के प्रबंधन, ट्रस्टियों की शक्तियों और अन्य सभी जरूरी संबंधित मामलों के प्रावधान शामिल हैं। मंत्रालय ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के पालन के तहत विवादास्पद जगह के अंदरूनी और बाहरी क्षेत्र के कब्जे को ट्रस्ट को सौंपा जाएगा।