फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चीनी मिलों पर सवा 3 करोड़ कमीशन बकाया

विज्ञापन
विज्ञापन
फैजाबाद। जिले का गन्ना खरीद रहीं तीनों चीनी मिलों द्वारा गन्ना खरीद, पेराई के साथ गन्ना मूल्य भुगतान तो तेजी से किया जा रहा है लेकिन समितियों का कमीशन भुगतान करने की तरफ किसी का ध्यान नहीं है। 21 दिसंबर तक तीनों चीनी मिलों पर सवा 3 करोड़ कमीशन का भुगतान बकाया पाया गया है इससे गन्ना विकास परिषद व समिति के कार्य बाधित हो रहे हैं।
विज्ञापन


जिले में सभी तीन चीनी मिलों ने बीते नवंबर माह में गन्ना पेराई शुरू की। जिले के अधिकांश कृषकों का गन्ना क्रय करने वाली चीनी मिल मसौधा ने बीते 14 नवंबर से गन्ना पेराई शुरू करके 21 दिसंबर तक 26.09 लाख कुंतल गन्ना क्रय किया।

रौजागांव चीनी मिल ने 20 नवंबर से पेराई शुरू करके 19.82 लाख कुंतल क्रय किया। जबकि अकबरपुर चीनी मिल 24 नवंबर से शुरू हुई और 18.26 लाख कुंतल क्रय किया। तीनों चीनी मिलों ने जिले के किसानों का कुल 64.17 लाख कुंतल गन्ना क्रय करके 63.92 लाख कुंतल गन्ने की पेराई की।
विज्ञापन


मसौधा चीनी मिल ने बीते 21 दिसंबर तक देय भुगतान के सापेक्ष 5285 लाख, रौजागांव चीनी मिल ने 4476.41 लाख व अकबरपुर चीनी मिल ने 3755.58 लाख रुपए का गन्ना मूल्य भुगतान किया है। लेकिन कमीशन से चलने वाली गन्ना विकास परिषद व गन्ना समिति के भुगतान की इन्होंने सुधि नहीं ली।

समितियों से क्रय किए गए गन्ने पर 5.10 रुपए प्रति कुंतल के हिसाब से चीनी मिलों को समितियों का कमीशन भुगतान करना होता है। जिसमें से 75 प्रतिशत राशि गन्ना विकास समिति को व शेष 25 प्रतिशत की धनराशि गन्ना विकास परिषद को प्राप्त होती है।

आंकड़ों पर गौर करें तो मसौधा चीनी मिल पर बीते 21 दिसंबर तक 1 करोड़ 33 लाख, रौजागांव चीनी मिल पर 1 करोड़ 1 लाख व अकबरपुर चीनी मिल पर 93 लाख रुपए कमीशन भुगतान बकाया है। इस तरह तीनों चीनी मिलों का मिलाकर करीब सवा तीन करोड़ रुपए का भुगतान होना शेष है।

जिला गन्ना अधिकारी हेमराज सिंह ने बताया कि सभी चीनी मिलों को समय से कमीशन भुगतान करने के लिए निर्देशित किया गया है, यदि शीघ्र ही भुगतान नहीं किया गया तो कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें