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रिश्ता टूटा, नहीं गई बारात, पंचायत में हुई मारपीट

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मवई। भटमऊ नरायनपुर गांव के हिस्ट्रीशीटर के घर आयोजित पंचायत में शनिवार को पहले से तय एक शादी का रिश्ता टूट गया।
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बात बढ़ने पर पंचायत में ही लड़के व लड़की पक्ष में जमकर मारपीट हो गई। बाद में, दोनों पक्षों के लोग मवई थाने में तहरीर लेकर पहुंच गए, जहां शनिवार देर रात जद्दोजहद के बाद दोनों पक्षों का केस पुलिस ने दर्ज किया है। मामले में हिस्ट्रीशीटर की भूमिका संदेह के घेरे में बताई जा रही है। पुलिस मामले की मामले की जांच कर रही है।


मवई थाना क्षेत्र के परागदत्त पुरवा मजरे रतनपुर के विश्राम का विवाह उनके एक रिश्तेदार ने कुमारगंज थाना क्षेत्र में तय कराई थी। इसमें दोनों पक्षों की ओर से गोद भराई व बरीक्षा की रस्म भी पूरे हर्षोल्लास के साथ पूरी की गई।
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दो मई को बारात जानी थी, जब बारात नहीं गई तो शुक्रवार 11 मई की शाम दोनों पक्षों के बीच भटमऊ नरायनपुर गांव में बाबू रावत के घर पर पंचायत शुरू हुई जिसमें वर पक्ष की शांति देवी ने मारपीट का आरोप लड़की के पिता, मध्यस्थता कर रहे हिस्ट्रीशीटर बाबू रावत और झनकू पर लगाते हुए पुलिस को शनिवार को तहरीर दी।


दूसरी तरफ लड़की के पिता ने दहेज में बाइक की मांग न पूरी करने और पहले से दिए हुए जेवरात वापस न करने का आरोप लगाते हुए लड़के विश्राम और उसकी बहन मीरा व बहनोई कन्हैया पर केस दर्ज कराया है।


वर पक्ष के लोगों ने बताया विवाह का वक्त आता तो उससे पहले ही कन्या पक्ष की ओर से लड़के से आधार कार्ड व मार्कशीट मांगे गए। जिसको लेकर लड़के के मन में तरह-तरह के गलत विचार आ गए।


दूसरी ओर वर पक्ष के लोगों का कहना है कि मोबाइल देने के बावजूद लड़की बात नहीं करना चाहती, इन्हीं मामूली बातों को लेकर दोनों पक्षों में हुई तू-तू मैं-मैं के बाद रिश्ता टूटने की नौबत आ गई।


तब विवाह तय कराने में मध्यस्तता की भूमिका निभा रहे मवई थाना क्षेत्र के भटमऊ नरायनपुर गांव के निवासी बाबू रावत ने वर व कन्या पक्ष के लोगों को अपने यहां बुलाया और कहा कि दोनों पक्ष बरीक्षा व गोद भराई में मिले सामान को एक दूसरे को देकर संबंध खत्म करो।


दोनों पक्ष निर्धारित दिन शुक्रवार को बाबू रावत के घर पहुंचना था। वर पक्ष की शांती देवी का आरोप है कि वो अपने बेटे व दामाद के साथ जब बाबू रावत के घर पर पहुंचीं तो वहां पहले से मौजूद कन्या पक्ष के लोगों सहित बाबू रावत ने उनको व उनके बेटे दामाद को लात घूंसों से जमकर पीटा और और छह हजार रुपये व अंगूठी लेकर उन्हें भगा दिया।


वहीं, कन्या पक्ष के लोगों का कहना है कि वहां मारपीट जैसी कोई घटना नहीं हुई। कार्यवाहक थाना प्रभारी कृष्ण प्रताप ने बताया कि दोनों पक्षों की तहरीर पर एक हिस्ट्रीशीटर सहित 6 लोगों पर डीपी एक्ट व विभिन्न धाराओं में अलग-अलग केस दर्ज किया गया है।
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पुलिस रिश्ता टूटने की वजह दोनों पक्षों के बीच गलतफहमी बताई जा रही है। ग्रामीणों की भी मानें तो बिचौलिए की दबंगई के चलते रिश्ता टूटने की खास वजह बनी। पुलिस के मुताबिक, बाबू रावत पर कई थानों में केस दर्ज है। वह थाने के रजिस्टर में हिस्ट्रीशीटर के रूप में दर्ज है।
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