फैजाबाद। कुपोषण मुक्त बनाने के लिए जिले के 68 राजस्व गांवों को चयन किया गया है। इन गांवों को कुपोषण मुक्त बनाने की जिम्मेदारी अफसरों को सौंपी जा रही है। प्रत्येक अफसर को दो गांवों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
राज्य सरकार से मातृ, शिशु एवं बाल मृत्युदर में कमी लाने और मातृ एवं बाल पोषण में सुधार लाने का प्रयास कर रही है लेकिन स्वास्थ्य और पोषण संबंधी आंकड़े अब भी राष्ट्रीय औसत से काफी कम है।
इनमें सुधार के लिए ही कुपोषण मुक्त गांव बनाए जा रहे है। इनमें राज्य पोषण मिशन के तहत गोद लिए गांवों और स्वच्छ भारत मिशन के तहत ओडीएफ गांवों की प्राथमिकता दी गई है। जिले में कुल 68 गांवों का चयम किया गया है।
इनमें रुदौली विकासखंड में 10, बीकापुर में 06, मयाबाजार में 08, मसौधा में 09, मिल्कीपुर में 09, हैरिंग्टनगंज में 08, पूराबाजार में 08, सोहावल में 02 और तारून में 08 राजस्व गांवों शामिल हैं।
इन गांवों को कुपोषण मुक्त बनाने की जिम्मेदारी जिले के डीएम व सीडीओ के साथ 34 अफसरों को सौंपी गई है। इन गांवों के लिए मानक भी तय किए गए हैं।
इस गांव में 75 फीसदी गर्भवती महिलाएं ऑयन फोलिक एसिड की निर्धारित मात्रा का सेवन करे जिससे एनीमिया की व्यापकता कम हो। इसके लिए स्वास्थ्य, आईसीडीएस, शिक्षा, पंचायती राज, ग्राम विकास विभाग से कार्य कराए जाएं। सीडीओ रवीश गुप्त ने कहा कि चयनित गांवों में पूरी क्षमता से काम करने की तैयारी है।