भीषण गर्मी में पछुआ हवा से आग का कहर जारी है। सोमवार को जिले में अलग-अलग पर आग लगने से 55 लोगों के आशियाने राख हो गए। हादसों में कई बीघा फसल भी जल गई। तारुन में 17 घर, सोहावल में 18 और बीकापुर तहसील क्षेत्र में 20 घर आग की भेंट चढ़े। रौनाही में भी तीन घर जल गए। इन हादसों में लाखों की क्षति हुई है।
तारुन प्रतिनिधि के अनुसार, ग्राम पंचायत बारा के मजरे भगवानपुर में सोमवार सुबह भोजन बनाते समय चूल्हे से निकली चिंगारी से 13 बनराजाओं व चार मुस्लिमों के घर खाक हुए हैं। इन लोगों के घर में एक भी दाना अनाज व कपड़ा नहीं बचा है। अग्निकांड के भीषण रूप ले लेने से अगल-बगल के गांव के ग्रामीणों ने आग बुझाने में मदद की।
इसके घंटेभर बाद दमकल भी पहुंच गई। तब जाकर आग पर काबू पाया जा सका। भगवानपुर गांव के ऐश मोहम्मद के घर के चूल्हे से आग की चिंगारी निकली इसके बाद इनके घर के पूरब स्थित बनराजा बस्ती व मुस्लिमों के घरों को आग ने अपने आगोश में ले लिया।
जब तक ग्रामीण कुछ समझ पाते इसके पहले ही सभी लोगों के छप्परनुमा आवास धू-धूकर जलने लगे। तेज पछुआ हवा होने की वजह से आग बुझा रहे ग्रामीणों व फायर ब्रिगेड के जवानों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। ऐश मोहम्मद के अलावा ईश मोहम्मद, पीर मोहम्मद, का घर जलने के बाद आग ने बनराजा बस्ती की तरफ रुख किया तो पूरी बनराजा बस्ती ही खाक हो गयी।
जिसमें बुद्धू बनराजा, राकेश, रविन्द्र, अरविन्द, राधेश्याम, मिट्ठू, अमलू, सालिकराम, तिलकराम, फागूराम, सुनील उर्फ शफीक, श्यामलाल, रामसूूरत, आदि के घर आग की भेंट चढ़ गए। बुद्धू बनराजा के घर में रखी बाइक भी जल गयी तो मिट्ठूू की एक गाय आग लग जाने से गौशाला में ही तड़प कर मर गयी जबकि एक बछिया गंभीर रूप से झुलस गयी।
रविन्द्र का एक पड़िया व पड़वा पशुशाला में फंसे रह जाने से झुलस गये। एक दर्जन मुर्गियां भी दरबे में ही मर गयी। ग्राम प्रधान महेश मिश्रा, मस्तराम, मंशाराम के खेत में खड़ी 6 बीघा गेहूं की फसल भी राख हो गयी। लेखपाल कमलेश तिवारी ने बताया कि आग से हुए नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट भेजी जा रही है।
सुचितागंज प्रतिनिधि के अनुसार, पछुआ हवा के बीच सोमवार को दोपहर लगभग डेढ़ बजे लहरापुर गांव के पास आग कूड़ा करकट से लगी। यहां से हवा के साथ आग बढ़ी तो गांव को अपनी चपेट में ले लिया। गांव के रहने वाले हरिशंकर मिश्र की ट्रॉली इसकी चपेट में आई तो राख हो गई।
सुखराम की बकरी का बच्चा, सुरेश की दो साल की पड़ियां, संजय चौबे के आठ हजार की नकदी, शिवपूजन चौबे की बाइक जल गई। गांव के लोगों के मुताबिक, आग से गांव के रहने वाले नकछेद पाल, सुजीत, संदीप, शिव पूजन, राममिलन, विश्राम, धर्मेेंद्र, प्रवीन चौबे, सरयू चौबे, शोभारम चौबे, योगेश्वर, प्रेम बहादुर, दुखराम सहित कुल 17 लोगों के मकान व छप्पर जले हैं।
इसी क्षेत्र के मोइयाकपूर के मजरे भरतीपुर के रहने वाले गंगा राम निषाद के घर रात 12 बजे लगी आग से खाने-पीने के सामान सहित अन्य सामान जल गए। सूचना पर फायर ब्रिगेड के लोग लहरापुर पहुंचे थे। फायर कर्मी प्रीतम राम के मुताबिक, आग गांव के बगल कूड़ा करकट से लगे होने की संभावना है।
एसडीएम सोहावल अमित कुमार सिंह का कहना है कि सूचना पर तहसील कर्मियों को आक लन के लिए भेजा गया है। बीकापुर व उमरपुर प्रतिनिधि के अनुसार, रविवार रात चौरे बाजार कस्बे में लगी आग मेें राज कुमारी, रामबहोर व चंद्र प्रताप मिश्र का छप्पर व खपरैल समेत पूरी गृहस्थी जल गई।
तहसील अरुण कुमार मिश्र के निर्देश पर हल्का लेखपाल अवधेश मिश्र ने राशन, नमक व मिट्टी का तेल बांटा है। रविवार की ही रात आग से हैदरगंज के भैरवपुर टिकरा केवटहिया निवासी शीतला निषाद, दशरथ, मोतीलाल, बृजलाल, राजेश, अनंतराम, राकेश, राम उजागिर, लल्लन प्रसाद का आवासीय छप्पर समेत घर-गृहस्थी का सामान जल गया।
शीतला की एक भैंस झुलस गयी। मौके पर पहुंचे जिपं सदस्य रामनयन यादव ने पीड़ितों को आर्थिक मदद की। उधर विद्युत ट्रांसफार्मर की चिंगारी से सरेसर गांव निवासी महेश तिवारी, राकेश तिवारी व अनिल तिवारी का दो-दो बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गयी।
सोमवार की दोपहर चूल्हे की चिंगारी से लगी आग में बिद्यावती, सुनीता, शुभद्रा, राधेश्याम, राजाराम, जगन, बलिराम व घनश्याम की गृहस्थी आग की भेंट चढ़ गई। ब्लॉक प्रमुख संतोष सिंह ने पीड़ितों की आर्थिक मदद के साथ आवास दिलाने का आश्वासन दिया।
अग्निशमन दल के प्रभारी जयप्रकाश राय ने बताया कि सूचना पाकर टीम ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। उधर, सुचित्तागंज प्रतिनिधि के अनुसार, रौनाही थाना क्षेत्र के मोहम्मदपुर गांव में आग से तीन लोगों के घर जल गए। दूसरी बेला गांव के अलगू, करिया व बुधई के फूस के घर में रखे सामान जल गए। गांव के लोगों ने खुद ही आग बुझा ली।