अमानीगंज/अमरगंज। अयोध्या खंडासा थाना क्षेत्र के इंछोई गांव में जहां शादी की शहनाइयां बजनी थीं, वहां रविवार को मातम पसरा रहा।
तीन छोटे भाई-बहनों का एक मात्र सहारा रघुवीर मौर्य (20) शनिवार रात जहरखुरानी का शिकार हो गया। अस्पताल में उसकी मौत हो गई। उसका शव गांव पहुंचा तो सभी की आंखें नम हो गईं।
रघुवीर की 28 मई को शादी होनी थी। वह पंजाब के लुधियाना से घर आ रहा था। साथ में शादी के लिए आभूषण वस्त्र और नगदी भी था।
बताते हैं कि अमेठी के निहालगढ़ रेलवे स्टेशन से रात 10 बजे ट्रेन से उतरने के बाद उसने होटल पर चाय पी और ऑटो करके घर के लिए निकल पड़ा।
चाय पीते ही उसकी तबीयत अचानक खराब हो गई। इसके बाद उसने अपने परिवारजनों को फोन पर सूचना दी। जब तक उसके परिवारीजन पहुंचते, हालत गंभीर हो गई।
परिवारीजन उसे लेकर जगदीशपुर सीएचसी पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने रघुवीर को मृत घोषित कर दिया। खंडासा थाना क्षेत्र के इंछोई निवासी रघुवीर के पिता दशरथ मौर्य की तीन साल पहले सड़क दुर्घटना में मौत हो चुकी है। जबकि मां पहले ही चल बसी थी।
रघुवीर पर ही भाई राम तीरथ तथा छोटी बहन पूजा के पालन की जिम्मेदारी थी। महज 17 साल की उम्र में रघुवीर अपने भाइयों और बहनों की पढ़ाई-लिखाई के लिए लुधियाना में प्राइवेट नौकरी करने चला गया, जहां से वह 11 मई को अपने घर खण्ंडासा के इंचों जा रहा था। तभी रास्ते में जहरखुरानों ने उसे अपना शिकार बना लिया। शव गांव में पहुंचते ही उसके भाई और बहन दहाड़ मारकर रोने लगे।