सरकार के खिलाफ फूटा आक्रोश, मांगा उचित समायोजन
फैजाबाद। समायोजन निरस्त होने से आक्रोशित शिक्षामित्रों ने गुरुवार को बीएसए दफ्तर से लेकर डीएम दफ्तर फिर कमिश्नर कार्यालय के सामने धरना-प्रदर्शन किया। गुरुवार को बीएसए कार्यालय का घेराव कर जमकर नारेबाजी की और सरकार से त्वरित निर्णय लेते हुए अध्यादेश पारित कराने की मांग की।
इसके बाद जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन दिया व कमिश्नर कार्यालय के पास रोड जाम कर दिया। उग्र रूप को देखते हुए मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रही। प्रशासनिक अधिकारियों ने कड़ी मशक्कत के बाद जाम खुलवाया।
गुरुवार को आक्रोशित शिक्षामित्रों ने समायोजन निरस्तीकरण के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। संयुक्त संघर्ष मोर्चा बनाकर बीएसए कार्यालय पर सुबह से अपनी आवाज बुलंद की। आक्रोश को देखते हुए बीएसए कार्यालय के अधिकांश कर्मचारी कामकाज ठप कर कार्यालय के बाहर निकल आए।
प्राथमिक शिक्षक संघ ने शासन से उच्चतम न्यायालय के निर्णय पर स्थगन आदेश लेते हुए पुनर्विचार याचिका दाखिल करने की अपील की है। दुर्गेश मिश्रा ने सरकार से मांग करते हुए कहा कि यदि निर्णय लेने में देरी की गई तो आंदोलन उग्र हो जाएगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी योगी सरकार की होगी।
मीडिया प्रभारी अनूप द्विवेदी ने बताया कि शिक्षामित्रों ने शुक्रवार से बीएसए कार्यालय पर अनवरत धरना-प्रदर्शन का ऐलान किया किया है। इसके बाद शिक्षामित्रों ने नगर मजिस्ट्रेट मदनचंद दुबे को ज्ञापन सौंपा और रोडवेज बस अड्डे पर करीब आधा घंटा मार्ग जाम करके जमकर नारेबाजी की।
इस मौके पर शिक्षक नेता अवनीश सिंह, प्रेम वर्मा, सचिन त्रिपाठी, ओमप्रकाश यादव, रामजी द्विवेदी, अरबिंद दुबे, राजेश मिश्रा, अरुण सिंह, मंत्री अनिल पाण्डेय, अशोक वर्मा, गौरीशंकर पाण्डेय, दीपिका निगम, किरन आदि मौजूद रहे।