कलक्ट्रेट में मौजूद ददोरा गांव के लोग।
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स्टेट बैंक की ददोरा शाखा को लवेदी स्थानांतरित करने की चर्चा पर सोमवार को कई प्रधानों के साथ ग्रामीणों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर विरोध जताया। काफी संख्या में आए इन ग्रामीणों का कहना है कि कुछ लोग इस शाखा को बंद करवाना चाहते हैं। जबकि आसपास डेढ़ दर्जन गांवों के हजारों लोगों का बैंक में खाता है। ब्रांच को लवेदी आदि किसी अन्य जगह स्थापित करने से रकम लाने व ले जाने में डर है। लिहाजा बैंक शाखा को ददोरा गांव में ही रखा जाए।
ग्रामीणों के साथ आए सपा नेता आशीष राजपूत, प्रधान ईश्वरीपुरा सोमनाथ सिंह, प्रधान विरहीपुरा अजब सिंह, प्रधान धर्मपुर सुनील सिंह, प्रधान ददोरा संतोष कुमार व प्रधान कराईपुरा राकेश कुमार ने बताया करीब 34 साल पहले ददोरा में स्टेट बैंक की शाखा स्थापित हुई थी। इस शाखा में गांव के अलावा आसई, नगला जैक, पीपरीपुरा, सितौरा, नगला गिरंद, नगला बंधा, नगला चौहान, नगला पीपे, रायपुरा, जोधपुरा, उद्यन्नपुरा, चिंडौली पृथ्वीपुर, नगला लस्करयान, दाईपुरा आदि गांवों के लोगाें के खाते हैं। यहीं नहीं बैंक में 38 अल्प बचत समूह के अलावा 12-12 प्राइमरी व जूनियर विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों, एमडीएम, ग्राम पंचायतों के खाते भी खुले हैं। खास बात यह है कि इस शाखा से संबंधित सभी क्षेत्र डेढ़ किमी के दायरे में आते हैं। अब लवेदी गांव में शाखा स्थानांतरित करने की चर्चा चल रही है। यह गांव करीब सात किमी दूर है। ग्रामीणों का आरोप है कि इस शाखा को जानबूझकर स्थानांतरित कराया जा रहा है। ग्रामीणों ने कहा यदि सुरक्षा का सवाल है तो बैंक में पुख्ता प्रबंध कराएं जाएं न कि उसे कहीं और ले जाया जाए। वह किसी भी कीमत पर बैंक शाखा को स्थानांतरित नहीं होने देंगे।