बकेवर। मौसम में परिवर्तन आते ही बिजली रुलाने लगती है। लाइन में ट्रिपिंग के साथ-साथ ओवरलोडिंग के चलते बिजली की कटौती होने से लोगों को मात्र दस से बारह घंटे बिजली मिल पा रही है। इससे जहां खेतों की सिंचाई का काम प्रभावित है। वहीं, आम जनजीवन पर भी असर पड़ रहा है।
मौसम में हल्की गर्माहट आने के साथ ही बकेवर, लखना, महेवा, लवेदी क्षेत्र में बिजली की अघोषित कटौती होने लगी है। किसान पवन कुमार, सुरेश चंद्र, नाथूराम, अनिल कुमार, अवनीश त्रिपाठी का कहना है कि फसलों की सिंचाई व पलेवा के लिए अघोषित कटौती के कारण समस्या हो रही है। अधिक मजदूरी भी देनी पड़ रही है।
बकेवर, लखना क्षेत्र को जहां 10 से 12 घंटे ही उपचार मिल पा रहा है, वहीं ग्रामीण फीडर से जुड़े गांवों को तो सिर्फ चार से छह ही घंटे आपूर्ति मिल पा रही है। ग्राम कुड़रिया निवासी सुमन पाण्डेय कहते हैं अभी जब बहुत तेज गर्मी पड़ना शुरू नहीं हुई है तब भी बिजली की कटौती का आलम यह है। 10 घंटे भी बिजली बमुश्किल मिल पा रही है। वह भी रात को कितने टाइम बिजली कितने बार गुल होती है। बकेवर उपखण्ड आधिकारी भूप सिंह का कहना है कि मौसम में परिवर्तन के चलते घरों में पंखे एसी चलने लगे हैं। इससे थोड़ा लोड बढ़ जाता है। लाइनमैनों को फाल्ट को तत्काल दुरुस्त करने के आदेश है। आपूर्ति को और अधिक दुरुस्त कराने का प्रयास किया जाता है।