चिकित्सा विश्वविद्यालय में शनिवार को कुलपति एवं न्यूरोसर्जन प्रो. राजकुमार ने ढाई घंटे जटिल ऑपरेशन के बाद 23 वर्षीय युवती के ब्रेन से ट्यूमर निकाल उसे नई जिंदगी दी है।
कुलपति प्रो. राजकुमार ने बताया कि कानपुर देहात के गांव रानिया निवासी पूजा गुप्ता को पांच साल से सिरदर्द था।
न्यूरो सर्जरी विभाग में शुरुआती जांच और एमआरआई से पता चला कि उनके दिमाग में राइट पेराफेल्साइन ट्यूमर है। महिला को सर्जरी की सलाह दी गई।
डॉ.राजकुमार ने बताया ऑपरेशन के बाद मरीज स्वस्थ है। सर्जरी में उनकी टीम में डॉ. फहीम, डॉ.अहमद अंसारी, डॉ. हनुमान, एनेस्थेसिक डॉ. उर्वशी और ओटी स्टाफ शामिल रहा।
कुलपति ने बताया कि कोविड महामारी के दौरान भी विश्वविद्यालय की इमर्जेंसी सेवाएं जारी हैं। विश्वविद्यालय के 11 विभागों के डॉक्टर टेली मेडिसिन के माध्यम से भी मरीजों को परामर्श दे रहे हैं। इमर्जेंसी ट्रामा में रोजाना लगभग 200 से 275 गंभीर मरीज देखे जा रहे हैं।
कोविड-19 अस्पताल में अभी तक 233 संक्रमित मरीज भर्ती किए जा चुके हैं। 132 मरीज ठीक हो चुके हैं।
न्यूरो सर्जरी के विभागाध्यक्ष डॉ. फहीम ने बताया कि प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री आयुष्मान भारत जन आरोग्य योजना के तहत भी कई मरीजों की सर्जरी विभाग में की जा चुकी है।