नगरपालिका की अनंतिम मतदाता सूची में हजारों लोगों के नाम गायब हैं। इस सूची में ऐसे लोगों के नाम कटे हैं जो पिछली बार पालिका चुनाव में वोट डाल चुके हैं। मतदाता सूची में यह गड़बड़ी मास्टर डाटा और कंप्यूटर फीडिंग के चलते मानी जा रही है। 10 सितंबर को अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन होगा।
गौरतलब है कि 18 अगस्त को नगर पालिका चुनाव की अनंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन हुआ है। बीएलओ के माध्यम से बूथों पर यह सूची लोगों को देखने के लिए उपलब्ध कराई गई है। इस अनंतिम मतदाता सूची में तमाम ऐसे लोगों के नाम गायब हैं, जो न सिर्फ वर्तमान में मौजूद हैं बल्कि वर्ष 2012 में हुए चुनाव में मताधिकार का प्रयोग भी कर चुके हैं। वोटर लिस्ट में सभी वार्डों से हजारों लोगों के नाम गायब हैं। जिन लोगों को इसकी जानकारी हो रही है वह नगर पालिका और विकास भवन स्थित पंचायत चुनाव के निर्वाचन कार्यालय में विधानसभा चुनाव की वोटर लिस्ट लेकर साक्ष्य के तौर पर पहुंच रहे हैं।
मतदाता सूची में गड़बड़ी की आशंका अमर उजाला पहले ही उठा चुका है। दरअसल बीएलओ को निर्वाचन कार्यालय से सत्यापन के लिए जो वोटर डाटा उपलब्ध कराया गया था। उसमें पहले से ही मकान नंबर और उसमें रहने वाले लोगों का तालमेल दुरुस्त नहीं था। इसकी शिकायत भी बीएलओ ने नगर पालिका व निर्वाचन कार्यालय से की थी। जिस पर उन्हें बताया गया था कि यह डाटा लखनऊ निर्वाचन कार्यालय से प्राप्त कराया गया है। यहीं नहीं सत्यापन के बाद बीएलओ के द्वारा वोटरों के जो डाटा उपलब्ध कराए गए। उसकी स्थानीय स्तर पर फीडिंग कराई गई। इसमें भी तमाम त्रुटियां हुई हैं। जिसके चलते मौजूदा अनंतिम मतदाता सूची से हजारों की संख्या में लोगों के नाम गायब हैं।
नगर पालिका इटावा में घटे वोटर
नगर पालिका इटावा की अनंतिम मतदाता सूची को देखने से स्पष्ट है कि इस निकाय क्षेत्र में वोटरों की संख्या बढ़ने की बजाय घटी है। वर्ष 2012 में इस निकाय क्षेत्र में कुल 184198 वोटर थे। जो अब घटकर 172230 रह गए हैं। 25 जुलाई तक कुल 10,050 वोटर बढ़े, जबकि इसी अवधि तक 22018 वोटर कम हुए। माना जा रहा है कि ज्यादातर वोटर दो स्थानों पर वोट बनवाए हुए थे। जिनके एक स्थान से वोट काट दिए गए हैं। गौरतलब है कि इटावा पालिका क्षेत्र की कुल आबादी 2,56790 है। आबादी के लिहाज से मतदाताओं का औसत 67 प्रतिशत है।
अनंतिम सूची के प्रकाशन से ऐन पूर्व कई वार्डों का वोटर डाटा प्राप्त हुआ। ऐसे में संभव है कि फीडिंग में त्रुटियां रही हों। इसीलिए दावे-आपत्तियां मांगी जा रही हैं। जिनके नाम वोटर लिस्ट में नहीं हैं। वह फार्म 6 भरकर बीएलओ के पास जमा कर दें। पुनरीक्षण का यह कार्य आगे भी चलता रहेगा।
-उदय नारायन सिंह, एडीईओ, पंचायत निर्वाचन, इटावा