सैफई। भारत में प्रति व्यक्ति मानसिक स्वास्थ्य देखभाल में पेशेवरों की संख्या में इजाफा हुआ है। इससे मानसिक बीमारी से पीडित लोगों की देखभाल में सुधार हुआ है। भारत में स्वास्थ्य सुविधाओं में असीम संभावना है। हाल के वर्षों में प्रगति के बावजूद भी स्वास्थ्य सेवा प्रणाली में अभी भी कुछ चुनौतियां हैं।
यह बात मुख्य वक्ता डाॅ. शब्बीर अमानुल्लाह ने मंगलवार को विश्वविद्यालय के सभागार में मानसिक रोग विभाग ने साधारण चिकित्सक से असाधारण चिकित्सक विषय पर व्याख्यान में कही। कार्यक्रम का उद्घाटन विश्वविद्यालय के कुलपति डाॅ. प्रभात कुमार सिंह ने किया। कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष मानसिक रोग विभाग डाॅ. अरुण कुमार मिश्रा ने बताया कि देश में मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं में व्यापक सुधार हुआ है। इस विधा में प्रशिक्षित चिकित्सकों के साथ प्रशिक्षित स्वास्थ्य कर्मियों की संख्या में इजाफा हुआ है। इससे जरूरतमंदों तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं आसानी से पहुंच रही हैं। इस दौरान विश्वविद्यालय के प्रति कुलपति डाॅ. रमाकांत यादव, संकाय अध्यक्ष डाॅ. आदेश कुमार, चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. एसपी सिंह, डाॅ. उद्भव तिवारी आदि लोग उपस्थित रहे।