विकास खंड चकरनगर में अध्यापकों की कमी के कारण सात स्कूलों में डेढ़ माह बाद भी ताले लगे हैं। ब्लाक में कोई शिक्षक पोस्टिंग नहीं चाहता। अध्यापकों ने जब तबादला नहीं हुआ तो दूसरे ब्लाकों में अपने को संबद्ध करा लिया। अब परीक्षाएं पास हैं और छात्राें को शिक्षकों के आने का इंतजार है। उनका भविष्य संकट में है।
ब्लाक चकरनगर के सात स्कूलों में डेढ़ माह से ताला लटक रहा है। इन विद्यालयों में पढ़ने वाले 276 नौनिहालों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। बेसिक शिक्षा परिषद की परीक्षाएं मार्च में हैं। ऐसे में पढ़ाई नहीं हुई तो बच्चे परीक्षा कैसे देंगे। ग्राम बिड़ौरी का प्राइमरी विद्यालय, पूर्व माध्यमिक विद्यालय डिभौली, पूर्व माध्यमिक विद्यालय छिबरौल, पूर्व माध्यमिक विद्यालय सकतपुरा, पूर्व माध्यमिक विद्यालय सिरसापार, पूर्व माध्यमिक विद्यालय नगला कढ़ोरी व पूर्व माध्यमिक विद्यालय सिंडौस ऐसे स्कूल हैं, जहां अध्यापक नहीं हैं। कई ऐसे उच्च व प्राइमरी विद्यालय हैं, जहां छात्र तो 100 से ऊपर हैं लेकिन अध्यापक एक ही है। प्राइमरी विद्यालय कंधेसी घार में 94 छात्र हैं लेकिन शिक्षक एक है। जिसके चलते शिक्षा व्यवस्था विकलांगबनी हुई है।
वर्जन
खंड शिक्षा अधिकारी दिग्विजय सिंह ने बताया है कि उन्होंने कई प्राइमरी विद्यालयों के अध्यापकों को उच्च माध्यमिक विद्यालयों में भेजकर उन्हें खुलवाने का काम किया है। शिक्षकों की कमी है।
बंद विद्यालय का नाम और छात्र संख्या
प्राइमरी पाठशाला विडौरी, 102,
जूनियर हाईस्कूल डिभौली, सात
जूनियर हाईस्कूल छिबरौली, 25
जूनियर हाईस्कूल सकतपुरा, 44
जूनियर हाईस्कूल सिरसापार, 32
जूनियर हाईस्कूल नगला कढोरी, 13
जूनियर हाईस्कूल सिंडौस, 53