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लॉकडाउन के बाद देखें इटावा सफारी में शेर

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फोटो संख्या 17 और 18: इटावा सफारी पार्क का गेट और शेर के फाइल फोटो - फोटो : ETAWHA
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इटावा सफाई की बहुप्रतीक्षित लॉयन सफारी में लॉकडाउन के बाद पर्यटक शेर देख सकेंगे। प्रदेश की तकनीकी टीम ने इसके लिए हरी झंडी दे दी है।
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तकनीकी टीम को मामूली सुधार की गुंजाइश दिखी, जिसे दूर करने में सफारी प्रशासन जुट गया है। 15 जुलाई से लॉयन सफारी पर्यटकों के लिए खुलने की उम्मीद है।
इटावा सफारी पार्क की पांच सफारी में डियर, बियर और एंटीलोप सफारी पर्यटकों के लिए खोली जा चुकी हैं। सबसे ज्यादा उत्सुकता लोगों में लॉयन सफारी में घूमते शेर देखने की है।
लॉयन सफारी में शेर देखने की पर्यटकों की हसरत 10 शेर-शेरनी होने की शर्त के कारण पूरी नहीं हो पा रही थी।
अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष व सांसद डॉ. रामशंकर कठेरिया की पहल और सफारी के निदेशक के प्रयास से मार्च में केंद्रीय जू अथॉरिटी ने 10 शेर शेरनी के नियम को शिथिल कर दिया था।
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इसके पहले जिले के दौरे पर आए प्रधान मुख्य वन संरक्षक लॉयन सफारी अप्रैल के पहले सप्ताह में खोलने के संकेत दे गए थे।
किंतु सफारी खुलने से पहले तकनीकी टीम को सफारी का निरीक्षण करना था लेकिन 25 मार्च को कोरोना महामारी के कारण लॉकडाउन होने से सबकुछ ठप हो गया।
स्थिति कुछ ठीक होने पर अपर मुख्य वन संरक्षक ईको विकास संजय सक्सेना की अगुवाई में 31 मई को टीम लॉयन सफारी का निरीक्षण करने आई थी। टीम ने शेरों की सुरक्षा और उनके अनुकूल वातावरण समेत कई बिंदुओं पर निरीक्षण किया।
सफारी के निदेशक वीके सिंह ने बताया कि तकनीकी टीम ने दौरा कर लिया है। एक-दो जगह मामूली सुधार के निर्देश मिले हैं। उन कमियों को दुरुस्त कराया जा रहा है। अन्य व्यवस्था लॉयन सफारी खोलने लायक मिली है।
लॉकडाउन के बाद 15 जुलाई को लॉयन सफारी खोली जा सकती है। हालांकि इस पर अंतिम फैसला प्रदेश में कोरोना की स्थिति को देखते हुए शासन स्तर से ही लिया जाएगा। किंतु हमारी स्तर से 15 जुलाई से सफारी पर्यटकों के लिए खोलने की पूरी तैयारी है।
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निदेशक वीके सिंह ने बताया कि इटावा सफारी में 11 शेर और शेरनी हैं। पिछले वर्ष 26 जून को जन्मे जेसिका के तीन शावक भी वयस्क हो चुके हैं।
इसमें जेसिका, हीर, रूपा व मोना चार शेरनी और मनन, गीगो, पटौदी, शिम्बा, सुल्तान, बाहुबली व भारत सात शेर हैं। इसके अलावा पिछले वर्ष गुजरात से लाई गई पांच शेरनी गौरी, राधिका, जेनिफर, मरियम, तेजस्वी और एक शेर काना हैं।
एक शेर तौकीर की बीमारी से मौत हो गई थी। गुजरात से लाए गए शेर अभी तक प्रदेश शासन ने इटावा की लॉयन सफारी के हैंडओवर नहीं किए हैं।
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