इटावा। इटावा महोत्सव में मंगलवार से दो दिवसीय रासलीला की शुरुआत हुई। पहले दिन बनारस के कलाकारों ने श्रीकृष्ण जन्म, कंस वध की लीला प्रस्तुत की।
कलाकार बच्ची लाल और नटवर लाल शर्मा ने भजन प्रस्तुत किए। लोग कृष्ण भक्ति में डूब गए। रासलीला की शुरुआत गणेश वंदना से हुई। इसके बाद भगवान श्रीकृष्ण जन्म की लीला प्रस्तुत की गई। भय प्रकट कृपाला, दीन दयाला... आरती में दर्शक भी शामिल हुए। श्रीकृष्ण के जयकारे गूंज उठे। इसके बाद कलाकारों ने कंस के अत्याचारों को लीला के जरिये प्रस्तुत किया। देवकी और वासुदेव को जेल में डालने और फिर एक-एक के करके उनकी संतानों को मारने की लीला ने भावविभोर कर दिया। भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप को गोकुल ले जाने की लीला ने सबका मन मोह लिया और पंडाल में तालियां गूंजने लगीं।
इसके बाद भगवान श्रीकृष्ण ने कंस का वध किया तो फिर जयकारे गूंजने लगे। श्री गिरिराज कृष्ण प्रेम संस्थान वृंदावन धाम के कलाकारों ने भी कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इस अवसर पर कार्यक्रम के संयोजक देवेश शास्त्री, एसडीएम सदर विक्रम सिंह राघव के अलावा सह राजेश मिश्रा, प्रदर्शनी कार्यकारिणी के सदस्य उपस्थित रहे।