इटावा। नाबालिग से दुष्कर्म और अपहरण के मामले में आरोपी विशाल को विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) विनीता विमल की अदालत ने भगोड़ा घोषित कर दिया है। अदालत ने आरोपी के खिलाफ स्थायी गैर-जमानती वारंट जारी किया है और मामले की फाइल को रिकॉर्ड रूम में सुरक्षित रखने के निर्देश दिए हैं।
2016 में थाना इकदिल क्षेत्र में आरोपी विशाल के खिलाफ एक नाबालिग लड़की को बहलाकर ले जाने और उसके साथ दुष्कर्म करने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। आरोपी लंबे समय से अदालत में पेश नहीं हो रहा था। पुलिस ने उसके घर पर धारा- 82 के तहत नोटिस चस्पा किया और गांव में मुनादी भी करवाई फिर भी वह हाजिर नहीं हुआ था। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी विशाल के पिता ने अपने बेटे की आपराधिक गतिविधियों और गलत आदतों के कारण उससे रिश्ता तोड़ लिया था।
पिता ने कोर्ट को बताया कि उन्होंने मार्च 2018 में ही एक विज्ञापन जारी कर विशाल को अपनी चल-अचल संपत्ति से बेदखल कर दिया था। तब से विशाल का परिवार से कोई संपर्क नहीं है। न्यायालय विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने आरोपी की जमानत लेने वाले व्यक्ति के खिलाफ भी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। वहीं, एक अन्य जमानतदार की मृत्यु हो चुकी है। चूंकि अभियोजन पक्ष के सभी गवाहों के बयान दर्ज हो चुके हैं, इसलिए केस की पत्रावली सुरक्षित रखी जाएगी। पुलिस को निर्देश दिया गया है कि गिरफ्तार होने पर विशाल को तुरंत अदालत में पेश किया जाए।