इटावा। मई में जिले के दौरे पर आए राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल का वृद्धा को दिया आश्वासन पूरा न हो सका। उनके फरमान को अधिकारियों ने हवा में उड़ा दिया। सती मोहल्ले की बुजुर्ग महिला विमला देवी को आज तक न तो शौचालय मिला और न उनकी रुकी पेंशन आई। उनका कहना है कि मंत्री के सामने तो सबने हां में हां मिला दी और उनके जाते ही सब बिसरा दिया।
विमला देवी ने बताया कि दफ्तर में चक्कर काटे लेकिन सुनवाई नहीं हुई। वह हृदय रोगी हैं। जिला अस्पताल में कई बार दिखाया, लेकिन दवाइयों से आराम नहीं मिल रहा। ये बात मंत्री को भी बताई थी, तब अधिकारियों ने सैफई दिखवाने का आश्वासन दिया था। आज तक किसी ने हाल चाल तक नहीं लिया। घर में बने शौचालय का टैंक फूट गया है।
अब कहें तो किससे कहें...जब मंत्री की नहीं सुनी जा रही तो हमारी कौन सुनेगा।
उधर इसी मोहल्ले के सातवीं कक्षा के छात्र शौर्य ने घर की आर्थिक स्थिति खराब होने का जिक्र कर मंत्री को प्रार्थना पत्र दिया था। इस पर पिता की नौकरी के लिए सेवायोजन कार्यालय से साक्षात्कार के लिए कॉल आई थी, लेकिन नौकरी नहीं मिली। शौर्य के पिता संजय सिंह ने बताया कि वह ट्यूशन पढ़ाकर घर चला रहे हैं।
राज्यमंत्री ने मलिन बस्ती सती मोहल्ला के बाबूराम के घर भोजन किया था। फेरी लगाने वाले बाबूराम को दिन बहुरने की उम्मीद जगी थी। मंत्री के आने से पहले उसके घर में पूरी व्यवस्था की गई थी। अधिकारियों ने उसे पहले ही आश्वासन दे दिया था कि मंत्री के जाने के बाद सभी इंतजाम कर दिए जाएंगे। बाबूराम ने मंत्री से दुकान के लिए ऋण दिलाने की गुहार लगाई थी।
इस पर मंत्री ने आश्वासन दिया था, लेकिन कुछ हुआ। बाबूराम और उसके भाई मंगल मंगल का मकान पूरी तरह कच्चा है। दोनों घरों के बीच दीवार भी नहीं बनी है। मंत्री के आने पर पर्दा डालने के लिए घर के पीछे के हिस्से को टेंट से ढंक दिया गया था ताकि मंत्री की नजर उस पर न पड़े। अब वहां फिर चादर टंगी है। मंगल की पत्नी खुशबू ने बताया कि वह आवास के लिए आवेदन कर चुकी हैं। इसके बावजूद आज तक वंचित है।
मंत्री ने जिला अस्पताल का भी दौरा किया था। इस दौरान मरीजों ने लिफ्ट सही न होने की वजह से परेशानी होने की बात कही थी। मंत्री ने अधिकारियों की फटकार लगाते हुए लिफ्ट सही कराने का आदेश दिया था। चार माह बीतने के बाद भी लिफ्ट सही नहीं हो सकी है। ऐसे में बुजुर्ग मरीजों और उनके तीमारदारों को तीन से चार मंजिल तक जाने में परेशानी होती है। सीएमएस डॉ. एमएम आर्या ने बताया कि लिफ्ट सही कराने के लिए शासन स्तर पर पत्र लिखा गया है। जल्द सही कराने का प्रयास जारी है।