राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 दिसंबर को होगा। इसमें भूमि अध्याप्ति, बैंक वसूली, किराएदारी, उपभोक्ता फोरम, टैक्स वसूली से जुड़े नगरपालिका के वादों का निस्तारण किया जाएगा। राष्ट्रीय लोक अदालत के तहत विभिन्न सरकारी दफ्तरों में भी सुबह 10 से शाम 5 बजे तक सुनवाई होगी। विभागीय अधिकारी समस्याओं का निस्तारण करेंगे।
यह बात जनपद न्यायाधीश शैलेंद्र कुमार अग्रवाल व डीएम नितिन बंसल ने बृहस्पतिवार को न्यायालय कक्ष में पत्रकारों से बातचीत मेें कही। श्री अग्रवाल ने कहा कि जो विभाग मामलों की सुनवाई में शिथिलता बरतेंगे। उनकी रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।
वहीं श्री बंसल ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत में आने वाले मामलों की संख्या को लेकर समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत में सेवानिवृत्ति से संबंधित लाभ से जुड़े मामले भी शामिल हैं। इसके तहत अध्यापकों के वेतन आदि मसलों का निस्तारण कराया जा सकता है। ऐसे मामले बीएसए व डीआईओएस के स्तर से निपटाए जाएंगे।
राष्ट्रीय लोक अदालत में पंजीयन, स्टांप, मोबाइल फोन, केबल नेटवर्क, मेड़बंदी, दाखिल खारिज, पर्यावरण प्रदूषण, राशन कार्ड, बीपीएल कार्ड, आय व जाति प्रमाण पत्र, सेवा विवादों, श्रम विवादों, आयकर आदि मामले भी निस्तारित कराए जा सकते हैं।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद के न्यायिक अधिष्ठान में लंबित कुल 4602 मामले, प्रशासनिक व राजस्व से संबंधित 2899 मामले और विभिन्न बैंकों से प्रीलिटिगेशन के रूप में 5650 मामले निस्तारण के लिए नियत किए गए हैं। राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 13345 मुकदमे निस्तारण के लिए नियत किए गए हैं।