-नोटिस का जवाब न देने पर सहायक आयुक्त ने कसा शिकंजा
संवाद न्यूज एजेंसी
इटावा। दवाओं की बिक्री और भंडारण में अनियमितता पाए जाने पर ड्रग विभाग ने जिले की पांच प्रमुख मेडिकल एजेंसियों के लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं। सहायक आयुक्त (औषधि), कानपुर मंडल के इस कड़े कदम से दवा विक्रेताओं में खलबली मची है। यह कार्रवाई जिला औषधि निरीक्षक द्वारा पिछले कुछ महीनों में किए गए औचक निरीक्षणों और उसके बाद जारी नोटिसों का जवाब न मिलने पर की गई है।
जिला औषधि निरीक्षक नीलेश शर्मा ने बताया कि नियमित निरीक्षण के दौरान कई मेडिकल स्टोरों पर दवाओं के रखरखाव, बिलिंग और अन्य अभिलेखों में खामियां पाई गई थीं। इन कमियों को दूर करने के लिए फर्मों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए थे। हालांकि, कुछ फर्मों ने निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना स्पष्टीकरण या जवाब प्रस्तुत नहीं किया।
इसके परिणामस्वरूप, माधव मेडिकल एजेंसी स्टेशन रोड, रिद्धि सिद्धि मेडिकल स्टोर मोतीझील, कुलदीप मेडिकल स्टोर वैदपुरा, चंदन मेडिकल स्टोर बसरेहर और श्री राधा रानी मेडिकल स्टोर भरथना के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं। विभाग ने इन संचालकों को सुधार के लिए नोटिस जारी किया था, लेकिन उन्होंने इसे गंभीरता से नहीं लिया।
दवाओं के रखरखाव और बिलिंग में मिली थीं खामियां
निरीक्षण के दौरान इन मेडिकल दुकानों पर दवाओं के रखरखाव की व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाई गई थी। इसके अतिरिक्त, बिलिंग प्रक्रिया और अन्य आवश्यक अभिलेखों में भी अनियमितताएं सामने आई थीं। ड्रग विभाग ने इन खामियों को सुधारने और स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के लिए फर्मों को नोटिस जारी किया था। लेकिन, संचालकों द्वारा इन नोटिसों को नजरअंदाज करने के चलते, सहायक आयुक्त औषधि (कानपुर मंडल) ने कड़ा रुख अपनाते हुए इन पांचों फर्मों के लाइसेंस निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया। इस कार्रवाई से जिले के दवा बाजार में उहापोह की स्थिति बनी हुई है।