करवाचौथ के पर्व पर कहीं भी कोई महंगाई नहीं दिखाई दी और सुहागिनों ने सोलह शृंगार पर दिल खोलकर खर्च किया। पर्व के एक दिन पूर्व सुबह से ही तैयारियों का दौर शुरू हो गया। महिलाओं ने सुबह ही बाजार में पहुंचकर खरीददारी शुरू कर दी और इसके बाद पूरा समय सजने संवरने के लिए ब्यूटी पार्लर में गुजारा।
किसी को फेसियल कराना था तो किसी को हाथों में मेहंदी रचानी थी। यही कारण रहा कि करवाचौथ के एक दिन पूर्व शहर के सभी ब्यूटी पार्लरों में महिलाओं की भीड़ लगी रही। करवाचौथ से एक दिन पहले गुरुवार की सुबह से शाम तक शहर के तमाम ब्यूटी पार्लरों में सुहागिनों की भीड़ रही।
भीड़ में इंतजार से बचने के लिए कई सुहागिनों ने तो दो तीन दिन पहले से ही बुकिंग करा ली थी। आलम यह रहा कि सुबह से शाम तक ब्यूटी पार्लरों पर सजने संवरने पहुंची महिलाओं की भारी भीड़ रही। ब्यूटी पार्लरों में कहीं भी महंगाई की मार दिखाई नहीं दी। सुहागिनों ने सजने संवरने में कोई कमी नहीं छोड़ी और दिल खोलकर खर्च किया।
किसी ने फेसियल कराया तो किसी ने वेक्स, चेहरे पर निखार लाने के लिए महिलाओं ने ब्लीच और स्क्रब से मसाज भी कराई। सोलह शृंगार में मेहंदी का अपना ही महत्व है। सुहागिन के हाथ में सजी मेहंदी शुभ संदेश लेकर आती है। करवाचौथ से पूर्व महिलाओं ने पार्लर में सजने संवरने के साथ हाथों पर मेहंदी भी रचाई।