इकदिल थाना क्षेत्र के नई मंडी के सामने स्थित शिवानगर में अपनी ससुराल आए युवक की बुधवार की सुबह गोली मारकर हत्या कर दी गई। युवक का शव ससुरालियों के दरवाजे पर पड़ा मिला। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। युवक की हत्या किसने और क्यों की यह सवाल बना हुआ है। छानबीन में पुलिस हत्या के पीछे पारिवारिक विवाद मान रही है।
मैनपुरी के थाना बेवर क्षेत्र के गांव गढ़िया घोटारा निवासी अजय कुमार (35) पुत्र महाराज सिंह की शहर में इकदिल थाना क्षेत्र के अंतर्गत नवीन मंडी के पास शिवानगर मोहल्ले में ससुराल है। बुधवार की तड़के साढ़े तीन बजे अजय की किसी ने गोली मारकर हत्या कर दी।
युवक का शव ससुरालियों के दरवाजे पर पड़ा मिला। शव देखकर मायके में पत्नी सहित ससुरालीजनों में कोहराम मच गया। वे अजय को जिला अस्पताल लेकर आए, यहां डाक्टरों ने मौत की पुष्टि कर दी। सूचना पर पहुंची इकदिल थाना पुलिस ने ससुरालियों के साथ ही मोहल्लावालों से भी पूछताछ की।
मृतक के सालों का कहना है कि उन्होंने गोली की आवाज सुनी और बाहर आकर देखा तो अजय दरवाजे पर खून से लथपथ पड़ा था। गोली उसकी पीठ में लगी थी। वहीं पुलिस को छानबीन में ऐसा कोई प्रमाण नहीं मिला, जिससे इस बात की पुष्टि हो कि गोली दरवाजे पर ही मारी गई। पुलिस मानकर चल रही है कि गोली युवक को कहीं ओर मारी गई है फिर उसका शव यहां फेंक दिया गया।
मृतक के भाई महेेंद्र सिंह ने बताया कि वह तीन भाई हैं। दूसरे नंबर का भाई अजय कुमार भिवानी राजस्थान में रहकर सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था। पत्नी राधा, बेटे रिषभ (8), बेटी राखी (6) को मृतक का साला 11 फरवरी को इटावा ले आया था।
खुद अजय भी राजस्थान से 13 फरवरी को इटावा आ गया, लेकिन न वह घर गया और न ससुराल। वह शहर के दुर्गानगर मोहल्ला में अपने साढ़ू होम सिंह के घर 13 फरवरी को गया था, लेकिन वहां रुका नहीं। आखिर भाई कहां रहा इसका पता नहीं चला। उन्होंने बताया कि किसी से कोई रंजिश नहीं है। फिर हत्या किसने और क्यों की यह अभी तक पता नहीं चला है।
थानाध्यक्ष दिनेश शर्मा ने बताया कि पुलिस ने घटनास्थल का पुलिस ने मोहल्ले में जाकर निरीक्षण किया था। घटनास्थल पर पुलिस को ऐसा कोई सबूत नहीं मिला, जिससे यह स्पष्ट हो कि हत्या यहीं की गई है। ऐसा लगता है कि हत्या कहीं दूसरी जगह करने के बाद शव को यहां फेंक दिया गया।
उन्होंने बताया कि गोली चलने की आवाज सुनने की मोहल्ले के किसी भी व्यक्ति ने पुष्टि नहीं की है। प्रारंभिक जांच में ऐसा लग रहा है कि हत्या पारिवारिक विवाद के चलते हुई है। अभी परिजनों की ओर से भी कोई तहरीर नहीं आई है। तहरीर के आधार पर पुलिस कार्रवाई करेगी।
मौके पर खोखा मिला न खून
अजय के ससुरालियों कहना था कि उन्होेंने गोली चलने की आवाज सुनी तो बाहर आकर देखा कि अजय खून से लथपथ पड़ा हुआ है। जबकि पुलिस को आसपास के लोगों ने गोली चलने की आवाज न सुनाई देने की बात बताई। पुलिस को मौके से खोखा भी बरामद नहीं हुआ।
जिस जगह शव पड़ा था वहां खून भी इतना नहीं बहा जितना आमतौर पर गोली लगने के बाद बहता है। इसी आधार पर पुलिस मान रही है कि युवक की हत्या बाहर की गई। पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि गोली चलने की बात ससुराली क्यों कर रहे हैं।