परिषदीय स्कूलों के कक्षा एक से आठ तक के बच्चों को
एक सितंबर से रोज सवा ग्यारह बजे से साढ़े ग्यारह बजे तक मीना रेडियो पर
कार्यक्रम सुनाए जाएंगे।
रेडियो पर प्रसारित होने वाले कार्यक्रम
शिक्षा विभाग और यूनिसेफ की सहायता से तैयार किया जा रहा है। इसमें
कहानियां, प्रेरक गीत, बाल पहेलियां आदि प्रसारित किए जाएंगे।
शिक्षा
विभाग ने इसका प्रारूप तैयार किया है। रेडियो पर रविवार को छोड़कर 15 मिनट
का कार्यक्रम आएगा। इसमें पहले चरण में 30 एपीसोड होंगे।
दूसरे
चरण में 160 और तीसरे चरण में 40 एपीसोड होंगे। मीना रेडियो कार्यक्रम से
ग्रामीण स्कूल के बच्चों, उनके शिक्षकों, अभिभावकों व समुदाय के सदस्यों को
सकारात्मक संदेश दिया जाएगा। इसका प्रोग्राम आल इंडिया रेडियो पर आएगा।
मीना
रेडियो से बच्चों का ज्ञान बढ़ेगा। इससे व्यवहारों और कौशलों को भी विकसित
करने में मदद मिलेगी। इसमें समस्या-समाधान, मतभेद निपटारा, परस्पर-
समझौता, संवेगों और तनावों पर नियंत्रण आदि पर चर्चा की जाएगी।
रेडियो
के माध्यम से बालिका अधिकार, सम्मिलित परिवार, बाल- अनुकूल स्कूल,
जीवन-कौशल पर आधारित शिक्षा और व्यवहारात्मक उद्देश्यों की अवधारणा पर बल
दिया जाएगा।
जसवंतनगर में खंड शिक्षा अधिकारी अजीत कुमार निगम, सह
समन्वयक राकेश पांडेय ने बताया कि इसके माध्यम से लिंग भेद, रूढ़िवादिता,
बाल विवाह, असुरक्षा आदि को मिटाने में मदद मिलेगी। कार्यक्रम 12 आल इंडिया
प्राइमरी रिले सेंटर से प्रसारित किया जाएगा।
उन्होंने सभी प्राइमरी स्कूलों और जूनियर हाईस्कूलों के प्रधानाध्यापकों से रेडियो खरीदने को कहा गया है।