बुधवार को सुबह से ही खुली धूप ने मौसम को खुशनुमा कर दिया और पिछले एक
पखवारे से पड़ रही हाड़ कंपाऊ सर्दी का असर भी कम कर दिया। मौसम में बदलाव
से जहां लोगों को राहत मिली वहीं अभी तक ट्रेनों को लगी सर्दी दूर नहीं
हुई। बुधवार को भी छह से अधिक ट्रेनें कई घंटों की देरी से चलीं।
जहां
गणतंत्र दिवस पर सुबह चाराें ओर घने कोहरे की चादर दिखाई दे रही थी, वहीं
बुधवार को मौसम पूरी तरह खुला रहा। सुबह से ही आसमान में धूप खिल गई। गलन
और ठिठुरन से बेहाल लोगों को राहत मिली।
दिन भर धूप खिले रहने से शाम के
समय भी बीते दिनों की तरह गलन भरी सर्दी नहीं हुई। मौसम में आए बदलाव के
बाद भी ट्रेनों को लगी सर्दी अभी दूर नहीं हुई और कई ट्रेनें घंटों देरी से
स्टेशन पर पहुंचीं।
ट्रेनों की लेटलतीफी से यात्रियों को भारी दिक्कतों का
सामना करना पड़ा और लोगों को प्लेटफार्म पर घंटों बैठकर ट्रेनों का इंतजार
करना पड़ा। बुधवार अप ट्रैक पर कानपुर नई दिल्ली शताब्दी एक्सप्रेस साढे़
तीन घंटे, मगध एक्सप्रेस 10 घंटे, तूफान मेल 5 घंटे व मुरी एक्सप्रेस 2
घंटे देरी से चली। वहीं, कालका मेल व महानन्दा एक्सप्रेस नई समय सारणी के
अनुसार निरस्त रहीं। उधर, डाउन ट्रैक पर महानन्दा एक्सप्रेस 3 घंटे देरी से
चली। इंटरसिटी एक्सप्रेस व तूफान मेल निरस्त रही।