एक दिन पहले समाजवादी पार्टी कार्यालय पर जहां हंगामे के साथ दो जिलाध्यक्ष बैठे। वहीं दूसरे दिन कार्यालय पर सुनील यादव गुट का पूरी तरह से कब्जा रहा। सुबह से सुनील गुट के कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय पर जुट गए और बैठक भी की। वहीं मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की ओर से घोषित जिलाध्यक्ष गोपाल यादव और उनके कोई भी समर्थक पार्टी कार्यालय पर नहीं पहुंचे। हालांकि उनके पार्टी कार्यालय पर पहुंचने की संभावना को लेकर पुलिस प्रशासन मुस्तैद रहा और शनिवार को भी सपा कार्यालय छावनी बना दिखाई दिया।
शुक्रवार को सुनील यादव व गोपाल यादव गुट के बीच हुई तनातनी और दोनों के खुद को पार्टी का जिलाध्यक्ष होने का दावा किए जाने के साथ शनिवार को पार्टी कार्यालय पर बैठकर कामकाज करने की बात कही गई थी। जिससे माना जा रहा था कि शनिवार को भी सपा कार्यालय पार्टी के दो गुटों के लिए अखाड़ा बन सकता है। यही कारण था कि पुलिस प्रशासन इसको लेकर दूसरे दिन भी सतर्क रहा और सपा कार्यालय पर पहले दिन की तरह भारी पुलिस बल तैनात रहा।
सुबह नौ बजे से ही पार्टी पर सपा नेताओं और कार्यकर्ताओं का जमावड़ा शुरू हो गया और आधे घंटे बाद मुलायम सिंह गुट के जिलाध्यक्ष सुनील यादव कार्यालय पर पहुंचे और जिलाध्यक्ष की कुर्सी संभाल ली। इसके बाद उन्होंने कार्यालय पर बैठक की तैयारियां शुरू कर दीं। एक दिन पहले गोपाल यादव ने भी कहा था कि वह जिलाध्यक्ष के रूप में पार्टी के लिए कार्य करने के लिए पार्टी कार्यालय पर पहुंचेंगे और कार्यकर्ताओं की समस्या सुनेंगे। इसके बाद माना जा रहा था कि अखिलेश गुट के जिलाध्यक्ष गोपाल यादव भी पार्टी कार्यालय पर पहुंच सकते हैं। अगर ऐसा होता है तो फिर से कार्यालय पर तनाव की स्थिति पैदा हो सकती है।
इसी अंदेशे के चलते दोपहर 01 बजे तक सपा कार्यालय पर पुलिस बल तैनात रहा, लेकिन जब गोपाल यादव कार्यालय पर नहीं पहुंचे और कार्यालय पर चल रही बैठक भी समाप्त हो गई। इसके बाद कुछ पुलिस कर्मियों को छोड़कर कार्यालय से फोर्स हटा लिया गया। देर शाम तक सपा कार्यालय पर सुनील यादव गुट के कार्यकर्ता आते जाते रहे। कार्यालय पर आयोजित बैठक में मुख्य रूप से सदर विधायक रघुराज सिंह शाक्य, जिला महासचिव कृष्ण मुरारी गुप्ता, रतन चौधरी, अजय भदौरिया, राकेश यादव, रामफल, प्रदीप यादव, दिलीप यादव, बब्लू शाक्य, मो. अल्ताफ, सफी अहमद, अनुज यादव मोंटी, खन्ना यादव, केके यादव, आदित्य गोविंद, फरहान शकील, मुबारक अंजुम, आलोक दीक्षित, ब्रजेंद्र यादव, आशीष पटेल, अशोक, राहुल गुप्ता, मनीष जैन, प्रदीप वर्मा, फरियाद भारतीय, राजीव वर्मा, अजय यादव, लल्लू बारसी आदि मौजूद रहे।
पुलिस प्रशासन करा रहा वीडियोग्राफी
इटावा। समाजवादी पार्टी कार्यालय पर चल तनातनी पर पुलिस प्रशासन लगातार नजर बनाए है। इसके लिए न सिर्फ कार्यालय पर भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है, बल्कि कार्यालय व आसपास की गतिविधयों को पूरी तरह से वीडियो कैमरे में कैद किया जा रहा है। शनिवार को भी पुलिस की ओर से पार्टी कार्यालय पर हुई बैठक आदि की पूरी रिकार्र्िडंग की।
सड़क पर नहीं घूमने दिए सपाई
इटावा। आचार्य संहिता का असर शनिवार को शहर में तब दिखाई देने लगा जब सपा कार्यालय पर तैनात पुलिसकर्मी नए रंग में आए। यहां तैनात पुलिस ने सपा कार्यालय पर आ जा रहे पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को सड़क पर नहीं घूमने दिया। पुलिस का साफ कहना था कि आचार संहिता के पालन में सड़क पर भीड़ नहीं लगने दी जाएगी। पार्टी कार्यकर्ता कार्यालय में ही बैठें। वहीं बीच बीच में कई बार पुलिस ने सड़क पर जमघट लगाने वाले सपा कार्यकर्ताओं को फटकारते हुए कार्यालय की गली तक पहुंचा दिया।
एक दो दिन में सब कुछ ठीक हो जाएगा-सुनील
इटावा। सपा कार्यालय पर आयोजित बैठक में मुलायम सिंह गुट के जिलाध्यक्ष सुनील यादव ने कार्यकर्ताओं से कहा आगामी एक दो दिन में पार्टी के शीर्ष नेता व आयोग से फैसला मिल जाएंगा। पार्टी में जो कुछ चल रहा है वह सब ठीक हो जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से चुनाव के लिए तैयार रहने को कहा। वहीं सदर विधायक रघुराज सिंह शाक्य ने पार्टी कार्यकर्ता से कहा कि वह मुलायम सिंह के विश्वास के बल पर दो बार सांसद व एक बार विधायक हुए हैं और हमेशा उनके निर्णय के समर्थन में रहेंगे।