इटावा। राज्य स्वायत्त शासन कर्मचारी परिषद की बैठक रविवार को नगर पालिका के कर्मचारी संघ कार्यालय में हुई। इसमें कर्मचारी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन के प्रांतीय महामंत्री अरविंद धनगर ने आउटसोर्सिंग कर्मियों की पीएफ की धनराशि में घोटाले का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कर्मियों का 13 प्रतिशत ईपीएफ और 3.25 फीसदी ईएसआईसी का पैसा खातों में जमा नहीं किया जा रहा है। जल्द ही धनराशि जमा न करने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी गई।
धनगर ने कहा कि नये ठेकेदार की ओर से आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को मानदेय कम दिया जा रहा है। इसकी जांच कराकर ठेकेदार पर कार्रवाई होनी चाहिए। प्रदेश उपाध्यक्ष उमाशंकर गुप्ता ने जायज मांगो के समर्थन में समर्थन की बात कही। प्राथमिक शिक्षक संघ अध्यक्ष विनोद यादव ने कहा कि पालिका प्रशासन पर समस्याओं का निराकरण न करने का आरोप लगाया।
परिषद के जिला महामंत्री सुनील वर्मा ने कहा कि आंदोलन ही एक मात्र रास्ता है। वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष रजनीश राठौर ने कहा कि पीएफ का पैसा जमा न कराया गया तो आउटसोर्सिंग कर्मचारी आंदोलन के लिए मजबूर होंगे। परिषद के शाखा उपाध्यक्ष अनिल वाजपेई ने कहा कि पालिका के आउटसोर्सिंग कर्मचारियों का सात माह का एरियर बकाया है जिसका भुगतान अभी तक नहीं किया गया है।
जलकल कर्मचारी संघ के अध्यक्ष वीरेंद्र वर्मा ने कहा कि वर्ष 2018 से पालिका के जलकल विभाग के कर्मचारियों के ओवरटाइम का भुगतान नहीं किया जा रहा है। परिषद के अध्यक्ष राजीव यादव ने कहा कि पालिका प्रशासन को वादाखिलाफी के विरोध में शीघ्र ही अंतिम नोटिस दिया जाएगा। सभी कर्मचारी संगठनों को लेकर नगर पालिका में बड़ा आंदोलन किया जाएगा। बैठक में कर्मचारी नेता प्रमोद राजपूत, अनिल वाजपेई, आनंद शुक्ला, कलीम ईलाही, आकाश प्रताप सिंह, रामविलास यादव, बृजेश दुबे, महेंद्र सिंह यादव, सुरेंद्र सिंह कुशवाह, प्रशांत गौड़, जयंत शुक्ला, पं देवदत्त पालीवाल, अनिल यादव, हसीन अख्तर, लईक अहमद मौजूद रहे। पालिका के पंप आपरेटर रामसेवक यादव और भूपेंद्र भदौरिया का सेवानिवृत्त होने पर सम्मान भी किया गया।