फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इटावा : सेहत भी संवारेगा बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे, किनारों पर लगाए जाएंगे औषधीय पौधे

विज्ञापन
नाली और हरे पिलर के बीच में पड़ी इसी जमीन पर लगेंगे औषधीय पौधे। संवाद - फोटो : ETAWAH
विज्ञापन
इटावा। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे बनने से सुगम यातायात के साथ रोजगार तो मिलेगा ही स्वास्थ्य को बेहतर रखने के लिए औषधियां भी उपलब्ध होंगी। इस एक्सप्रेसवे के किनारे स्वयं सहायता समूहों के जरिये औषधीय पौधों की खेती कराई जाएगी।
विज्ञापन

296 किलोमीटर लंबा एक्सप्रेसवे चित्रकूट से इटावा जिले के कुदरौल तक बना है। एक्सप्रेसवे में इटावा का 15 किलोमीटर हिस्सा है। जिले में एक्सप्रेसवे के किनारे औषधीय खेती कराने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए मिट्टी भी जांच के लिए भेजी जा चुकी है। औषधीय खेती एनआरएलएम के जरिये महिला स्वयं सहायता समूहों से कराई जाएगी। एक्सप्रेसवे से नीचे लगभग 20 फीट चौड़ाई की जगह है। इसमें दोनों तरफ औषधीय पौधे लगाए जाएंगे। उपायुक्त एनआरएलएम बृज मोहन अम्बेड ने बताया कि जिले की सीमा में एक्सप्रेसवे के दोनों किनारों पर करीब 27 हजार औषधीय पौधे लगवाए जाएंगे। पौधे लगाने से लेकर देखरेख की जिम्मेदारी समूहों की महिलाओं को दी जाएगी। लगभग 27 समूहों की महिलाओं को काम दिलाने का प्रस्ताव तैयार किया गया। प्रस्ताव पर मोहर लगने से काम शुरू करा दिया जाएगा।
तीन तरह के पौधे लगवाने की तैयारी
एक्सप्रेसवे के किनारे तीन तरह के पौधे लगाने की तैयारी है। एक जो चार से छह माह के अंदर ही फल देने लगेंगे। दूसरे जो एक से डेढ़ साल में फल दे सकेंगे और तीसरे जिनकी समयावधि लगभग चार से पांच साल तक रहेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें