रेलवे अफसरों ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाकर रेलवे लाइन किनारे फैले कब्जों को हटवाया। इस बीच रेलवे टीम को कई जगह विरोध का सामना भी करना पड़ा। फोर्स की कमी से अफसरों ने ऐसी जगह पैर खींच लिए।
उनका कहना है कि ऐसी जगहों पर अतिक्रमण हटाओ अभियान में जिला प्रशासन व पुलिस का सहयोग लिया जाएगा। गुरुवार की सुबह अतिक्रमण हटाओ अभियान की शुरुआत इटावा रेलवे स्टेशन से हुई। दिनभर चली कवायद के बाद सुंदरपुर फाटक तक ट्रैक किनारे से कब्जे हटवाए गए।
अभियान के दौरान आरपीएफ के साथ ही आधा सैकड़ा के करीब रेलवे गैंगमैन भी मौजूद थे। फर्रुखाबाद फाटक के पास नरेंद्र सिंह, हरिओम व दुष्यंत ने ट्रैक किनारे टीन शेड डालकर पशुबाड़े बना रखे थे। टीम ने इन्हें गिरवा दिया। पंजाबी कालोनी के पीछे रेलवे की जमीन पर टीन शेड डालकर कमला देवी भैंस-गाय बांध रही थी।
यहां भी टीन शेड ध्वस्त कर दिया गया। ट्रैक किनारे बनाए गए मीना कुमारी का बाथरूम, मलखान सिंह का टीन शेड, शिशुपाल का टट्टर तथा राजकुमार व केसरी सिंह के घूरे को भी हटाया गया।
इसी क्रम में स्टेशन से लेकर सुंदरपुर तक जहां भी अतिक्रमण मिला उसे तत्काल हटा दिया गया। पंजाबी कालोनी में रेलवे की जगह पर बने खडंजा को टीम ने तोड़ना चाहा तो मोहल्ला वासियों ने विरोध किया। इस कारण टीम इसे तोड़ नहीं सकी।
मौके पर मौजूद वरिष्ठ खंड अभियंता रेल पथ एसएन यादव ने बताया कि इस ट्रैक पर 130 किलोमीटर की रफ्तार तक गाड़ी चल रही हैं। ट्रैक पर घूमने वाले जानवरों से हर समय खतरा बना रहता है। लोग रेलवे की जमीन पर अवैध कब्जा करते हैं, जानवर बांधते हैं और फिर जानवरों को ट्रैक किनारे ही खुला छोड़ देते हैं।
उन्होंने बताया कि यह अभियान जारी रहेगा। दोबारा अतिक्रमण करने वालों को नोटिस दिया जाएगा। अगर फिर भी वह नहीं माने तो उनके खिलाफ रेलवे एक्ट की धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने बताया कि जहां-जहां स्थानीय लोगों के विरोध प्रदर्शन के चलते अतिक्रमण नहीं हटाया जा सका है। वहां के लिए जिला प्रशासन और पुलिस का सहयोग लिया जाएगा। अभियान के दौरान सहायक अभियंता निर्माण महेश सिंह, आरपीएफ के एएसआई रमेशचंद्र, आरडी सिंह सहित भारी संख्या में रेलवे कर्मचारी उपस्थित रहे।
अतिक्रमण करने वाले दुकानदारों के काटे गए चालान
बकेवर (इटावा)। लखना कस्बा में फुटपाथ पर सामान लगाकर अतिक्रमण करने वाले दुकानदारों के खिलाफ इलाकाई चौकी पुलिस ने चालान काटे हैं। इस कार्रवाई की जद में करीब एक दर्जन दुकानदार आए हैं।
मालूम हो कि नगर पंचायत प्रशासन ने बीते दिनों अचानक छापामार कर फुटपाथ पर अतिक्रमण करने वाले करीब दो दर्जन दुकानदारों पर जुर्माना लगाया था। इससे दुकानदारों में खलबली मच गई थी। इसे लेकर व्यापारियों व संगठन के नेताओं की लखना नगर पंचायत ईओ व कर्मचारियों से नोकझोंक भी हुई थी।
दो-चार दिन इलाके में दुकानदारों ने अतिक्रमण नहीं किया था, लेकिन कुछ दिन बाद फिर से प्रमुख मार्गों पर उनकी दबंगई शुरू हो गई थी। इसी के चलते लखना पुलिस चौकी ने दो दिन पूर्व करीब एक दर्जन दुकानदाराें का दफा 34 के चालान काटकर न्यायालय भेजे हैं।