विशेष न्यायाधीश पास्को एक्ट, अपर सत्र न्यायाधीश उमेश चंद्र पांडे ने दुष्कर्म के आरोपी को उम्रकैद की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार कांशीराम कालोनी निवासी एक महिला ने मोहल्ले के ही बब्लू पुत्र रफीक पर उसकी नाबालिग पुत्री को बहला फुसलाकर भगा ले जाने और बाद में दुष्कर्म करने का आरोप लगा सिविल लाइन थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बाद में पुलिस ने विवेचना के उपरांत आरोप पत्र कोर्ट में पेश किया। मामला सुनवाई के लिए अपर सत्र न्यायाधीश उमेश चंद्र पांडे की अदालत में पहुंचा। सुनवाई के दौरान शासकीय अधिवक्ता रविंद्र यादव ने सरकार की ओर से पैरवी की। सुनवाई के बाद कोर्ट ने बब्लू को दोषी करार देते हुए उसे उम्र कैद की सजा दी। दस हजार का अर्थदंड भी सुनाया है।