भरेह थानाध्यक्ष पर छेड़खानी के आरोप को एसएसपी ने जांच के बाद भले ही खारिज कर दिया हो, लेकिन छात्रा एसओ पर कार्रवाई कराने की मांग पर अड़ी है। मंगलवार को छात्रा ने चकरनगर में आयोजित तहसील दिवस में एसएसपी को फिर से प्रार्थनापत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है।
छात्रा का कहना है कि यदि उसे न्याय नहीं मिला तो वह कोर्ट की शरण में जाने से भी पीछे नहीं हटेगी। हालांकि इस मामले में एसएसपी द्वारा आरोपी बनाए गए एक सिपाही को पहले ही निलंबित किया जा चुका है।
भरेह थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी छात्रा ने भरेह थानाध्यक्ष और एक सिपाही पर छेड़खानी का आरोप लगाते हुए 4 सितंबर को एक प्रार्थनापत्र एसएसपी मंजिल सैनी को दिया था। एसएसपी ने सिपाही मो. रिजवी को तुरंत निलंबित कर दिया था, जबकि एसओ के खिलाफ लगाए गए आरोपों की जांच सीओ चकरनगर रामकृपाल भारती को सौंप दी थी।
सीओ चकरनगर ने अपनी जांच रिपोर्ट एसएसपी को भेजी थी। इसके आधार पर एसएसपी मंजिल सैनी ने एसओ को निर्दोष पाते हुए उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की।