लखनऊ प्रवास के दौरान ली गई सफारी लाए गए हिरनों की तस्वीर
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इटावा सफारी पार्क में स्थित हिरन सफारी का उद्घाटन छह अक्तूबर को मुख्यमंत्री अखिलेश यादव करेंगे। उद्घाटन का समय सुबह 11 बजे रखा गया है। हिरन सफारी में लखनऊ जू से पांच हिरनों का जोड़ा लाया गया है।
सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव एवं मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल इटावा सफारी पार्क के अंदर अलग- अलग कई सफारी बनाई गई हैं। इसी में से एक हिरन सफारी भी है। शुक्रवार को सुबह नौ बजे लखनऊ जू से पांच हिरनों का जोड़ा (10 हिरन) को इटावा सफारी पार्क लाया गया। सड़क मार्ग से लाए गए इन हिरनों को अभी हिरन सफारी के क्वारिनटाइन में रखा गया है। सीजेडए के निर्देशों के पालन में अगले तीन सप्ताह तक इन हिरनों की विशेष देखरेख की जाएगी। इसके बाद इन्हें डीयर सफारी में पहुंचा दिया जाएगा। जहां वे खुले वातावरण में विचरण कर सकेंगे। हिरनों के आने के साथ ही सफारी प्रशासन ने उद्घाटन की तैयारियां तेज कर दी है। शासन की ओर से भेजे गए निर्देश के तहत छह अक्तूबर सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव हिरन सफारी का उद्घाटन करेंगे।
डाक्टर और कीपर करेंगे मानीटरिंग
इटावा। क्वारिनटाइन में पहुंचाए गए हिरन की अगले 21 दिन तक विशेष मानीटरिंग की जाएगी। सफारी के डाक्टर व कीपर हिरनों पर लगातार नजर रखेंगे कि नई जगह पर पहुंच कर कोई हिरन असहज तो महसूस नहीं कर रहा है। वह एक दिन में कितना भोजन और पानी ले रहे हैं और लखनऊ से आने के बाद उनके व्यवहार में कोई बड़ा परिर्वतन तो नहीं है। सफारी के वातारण से 21 दिन में काफी हद तक परिचित होने व सफारी कर्मियों को पहचाने के बाद उन्हें सफारी में छोड़ा जाएगा।
34 हेक्टयर में उछल कूद कर सकेंगे हिरन
इटावा। हिरन सफारी का बाड़ा 34 हेक्टेयर का बनाया गया है, जिसमें हिरन उछल कूद कर सकेंगे। इसके साथ ही बाड़ के अंदर और बाहर दोनों ओर दो रोड़ भी बनाए गए हैं। जिसमें से बाहर के रास्ते से देखरेख होगी और बाड़े के अंदर के रास्ते पर पर्यटक वाहन से हिरनों को पास से देख सकेंगे। इसके अलावा बाडे़ में एक एनिमल हाउस का भी निर्माण किया गया है जिसमें बीमार हिरन का इलाज होगा और फीडिंग का कार्य भी किया जाएगा।