भरेह संगम पर बढ़ा चंबल का जलस्तर। संवाद
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चकरनगर। राजस्थान के कोटा बैराज से 9, 644 क्यूसेक पानी छोड़े जाने से चकरनगर क्षेत्र में चंबल नदी का जलस्तर बढ़ने लगा है। जलस्तर खतरे के निशान से दो मीटर नीचे है। हालांकि यमुना के जलस्तर में मामूली गिरावट दर्ज की गई। क्षेत्र में अभी तक बाढ़ स्थिति नहीं है। प्रशासन ने फिर भी नदी किनारे के गांवों में हाई अलर्ट जारी कर दिया है।
13 अगस्त को कोटा बैराज से पानी छोड़ा गया है। रविवार की शाम तक नदी का जलस्तर निरंतर बढ़ता रहा है। चंबल का खतरे का निशान 119.80मीटर पर है। जलस्तर 111.28 मीटर से बढ़कर 117.92 मीटर पर पहुंच चुका है। स्किल वर्क असिस्टेंट दीपक साहू ने बताया चंबल खतरे के निशान से 2.12 मीटर दूर है। वर्ष 2021 में नदियों में आई बाढ़ से दहशतजदा ग्रामीण परेशान हैं।
यमुना नदी का जलस्तर शनिवार को 118.88 मीटर पहुंच गया था। रविवार शाम 4 बजे यह घटकर 118.82 मीटर हो गया। एसडीएम चकरनगर मलखान सिंह ने बताया क्षेत्र में तहसील प्रशासन को अलर्ट कर दिया गया है। नदियों के बढ़ते जलस्तर से अभी तक किसी गांव को कोई खतरा नहीं है।