चकरनगर। बीहड़ क्षेत्र के गांव चांदई में बंद पड़ा जमुना पारी बकरी संरक्षण-प्रजनन केंद्र जल्द शुरू कराया जाएगा। इसके लिए विभाग की ओर से प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। जमुना पारी बकरी के संरक्षण के लिए बने इस केंद्र पर व्यवस्थाओं के अभाव में बकरियों का संरक्षण नहीं हो पा रहा था।
अमर उजाला ने 27 जुलाई को प्राथमिकता से खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद विभाग ने एक बार फिर जमुना पारी बकरी के संरक्षण की कवायद शुरू कर दी है। पशुपालन विभाग ने केंद्र पर एक बकरा प्रजनन के लिए भेजा है। केंद्र पर तैनात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी किशन कुमार ने बताया कि 10 अगस्त को जिला मुख्यालय से एक बकरा भेजा गया है, लेकिन अभी भूसा, चारा, दाना आदि की व्यवस्था नहीं की गई है। बकरे को जंगल से चारा लाकर खिला रहे हैं। केंद्र पर वर्तमान में कोई रखरखाव की व्यवस्था नहीं है। जिसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
वहीं इस संबंध में भदावर यमुना पारी परिक्षेत्र के ज्वाइंट डायरेक्टर डॉ. डीके शर्मा ने बताया कि केंद्र पर दाना, चारा आदि की व्यवस्था कराई जा रही है। इसके साथ ही व्यवस्थाएं पूरी होते ही डाक्टरों की भी तैनाती कराई जाएगी। प्रजनन केंद्र पर जल्द ही जमुना पारी बकरी के संरक्षण का काम शुरू करा दिया जाएगा।