आधुनिक असलहों को खोलने-बंद करने में फिर कई पुलिसकर्मी फेल हो गए। मौका था शुक्रवार की सुबह पुलिस लाइन में परेड का। पुलिसकर्मियों को हाथों में दिए गए असलहे और सामने थीं एसएसपी मंजिल सैनी और नतीजा कांपते हाथ...!
खुद एसएसपी का एस्कॉर्ट भी इस काम में असफल रहा। इस पर एसएसपी ने सभी को प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए। गौरतलब है कि इससे पहले भी एसएसपी ने जब-जब पुलिसकर्मियों का असलहों को खोलने-बंद करने का टेस्ट लिया, ज्यादातर इसमें फेल हुए हैं। शुक्रवार की सुबह एसएसपी मंजिल सैनी को पुलिस लाइन में गार्ड आफ आनर दिया गया।
इसके बाद उन्होंने स्वतंत्रता दिवस पर होने वाली परेड की तैयारी का जायजा लिया। उन्होंने परेड की टुकड़ियों की ड्रिल व आर्म्स एक्सरसाइज देखी। परेड ग्राउंड पर शस्त्र अभ्यास के लिए 5.56 एमएम इन्सास, 12 बोर पंप एक्शन गन, 9 एमएम पिस्टल, 9 एमएम कार्बाइन, टियर गैस गन, एंटी राइट गन को लगाया गया था।
साथ ही साथ पीपर स्प्रे, टियर स्मोक सेल, चिली बम, प्लास्टिक पिलेट्स, रबर बुलेट, थ्री वे ग्रिनेड आदि भी आर्म्स एक्सरसाइज के लिए लगाए गए थे।
परेड में थानाध्यक्ष सहसों ज्ञानेंद्र सिंह, भरथना प्रभारी निरीक्षक बलवीर सिंह, बढ़पुरा थानाध्यक्ष कमलेश कुमार, थानाध्यक्ष चौबिया जेपी पाल एवं थानाध्यक्ष बलरई अनूप कुमार निगम से आधुनिक अस्त्र शस्त्रों को खोलने व बंद करने, उनकी उपयोगिता के बारे में जानकारी ली गई। सभी थाना प्रभारियों को मौजूद शस्त्रों को खोलने-बंद करने में दिक्कतें हुईं।
इस पर एसएसपी ने नाराजगी जाहिर करते हुए प्रतिसार निरीक्षक व क्षेत्राधिकारी को निर्देशित किया कि इन्हें शस्त्रों के संबंध में विस्तार से प्रशिक्षण दिया जाए। हमराही एस्कॉर्ट के कर्मचारी भी जब इस टेस्ट में फेल हो गए तो एसएसपी ने इन्हें भी हर हफ्ते कड़ा प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए।
इस मौके पर एसएसपी ने चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में इस तरह की पुनरावृत्ति पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बाद में उन्होंने आधुनिक कंट्रोल रूम का बारीकी से निरीक्षण किया।
साथ ही डायल 100 व कुछ सीसीटीवी कैमरे सुचारू रूप से कार्य नहीं करने की स्थिति में रेडियो विभाग के अधिकारी/ कर्मचारियों से नाराजगी जताई। आधुनिक कंट्रोल रूम को फाइनल टच देने के लिए भी उन्होंने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
अब तीन माह के लिए लगेगी ड्यूटी
इटावा। कचहरी की सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों की ड्यूटी अब तीन-तीन माह के लिए लगेगी। यह बात एसएसपी मंजिल सैनी ने कचहरी की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के दौरान कही। उन्होंने ड्यूटी में तैनात सभी कर्मचारियों को अपने कार्यालय में बुलाकर उनसे बातचीत भी की।
उन्होंने कचहरी की सुरक्षा में फोर्स की आवश्यकता के अनुसार आकलन किया। इसके बाद मुख्य गेट पर सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी करने के निर्देश दिए। कहा किसी भी दशा में इस ड्यूटी में लापरवाही न बरती जाए। कोई भी व्यक्ति शस्त्र लेकर कचहरी परिसर में नहीं घुसना चाहिए।
उन्होंने बताया कि उच्च न्यायालय ने कचहरी परिसर को नो आर्म जोन क्षेत्र घोषित किया है। इस कारण कोई भी किसी प्रकार का शस्त्र लेकर नहीं आएगा। जो व्यक्ति डीएम कार्यालय में शस्त्रों की अवधि बढ़ाने आदि के लिए शस्त्र लेकर आएगा तो उसका लाइसेंस अवश्य चेक किया जाएगा। कोई भी व्यक्ति बिना चेकिंग के कचहरी परिसर में प्रवेश नहीं करना चाहिए।
एसएसपी ने सभी कर्मचारियों को विनम्रता से ड्यूटी करने के निर्देश दिए। बताया कि यहां लगे कर्मियों को अवकाश वह खुद स्वीकृत करेंगी। उन्होंने सुबह एवं दोपहर में कचहरी सुरक्षा में लगे कर्मियों की चेकिंग के लिए उपनिरीक्षक स्तर के अधिकारी की तैनाती करने के निर्देश दिए।
एसएसपी ने वाचक को भी स्पष्ट चेकिंग के निर्देश दिए। कहा कि वह भी समय समय पर सुबह ड्यूटी में खड़े होने के समय एवं बीच में ड्यूटी को चेक करेंगे। इनकी हाजिरी का रजिस्टर वाचक अपने कार्यालय मेें रखेंगे।