भरथना (इटावा)। तहसील के मौजा लखनपुरा में बिरसिंहपुर और इकघरा गांव के बीच में पिछले पांच-छह महीने से पुलिया निर्माण हो रहा था। अचानक नहर में पानी आ जाने के बाद देर रात खंदी कट गई और सौ बीघा में खड़ी गेहूं की पकी फसल जलमग्न हो गई।
यहां पुलिया के निर्माण के दौरान नहर का पानी आगे ले जाने के लिए बाईपास व्यवस्था बिरसिंहपुर गांव की ओर की गई थी। मंगलवार की रात करीब 9:00 बजे के आसपास बंधा कमजोर होने से यह वैकल्पिक व्यवस्था फेल हो गई और नहर में खंदी कट गई। खंदी कटने से नहर का पानी आसपास के खेतों में जा घुसा। ग्रामीणों को खंदी कटने की जानकारी हुई तो वह एकजुट होकर पानी के बहाव को रोकने के प्रयास में जुट गए। इसी बीच पुलिस को भी ग्रामीणों ने सूचना दी। पुलिस व सिंचाई विभाग के कर्मचारी भी मौके पर पहुंचे। दो जेसीबी मशीन बुलाकर मिट्टी डलवाने का काम शुरू कराया। करीब 6 घंटे बाद खंदी को बंद किया जा सका। ग्राम प्रधान छुन्ना सिंह ने बताया कि खंदी से करीब दो दर्जन किसानों की 100 बीघे में पकी गेहूं की फसल बर्बाद हो गई। उन्होंने प्रशासन से किसानों को आर्थिक सहायता दिलाए जाने की मांग की। फसल की बर्बादी किसान सत्यवीर सिंह, स्वराज सिंह, सुधीर कुमार, महिपाल सिंह, महेशचंद्र, उमेशचंद्र, हाकिम सिंह, रनवीर सिंह, जगदीश सिंह, जितेंद्र सिंह, दुर्वेश कुमार आदि के खेतों में हुई है। किसानों का कहना है कि वैकल्पिक व्यवस्था के तहत सिंचाई विभाग की ओर से बनाया गया बांध कमजोर था।