-विशेष न्यायाधीश पॉक्सों एक्ट कोर्ट ने 65 हजार का लगाया जुर्माना
संवाद न्यूज एजेंसी
इटावा। विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कोर्ट राखी चौहान ने किशोरी के अपहरण व दुष्कर्म के मामले में दोषी को 20 साल की सजा सुनाई। इसके अलावा कोर्ट ने उस पर 65 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
फ्रेंड्स कॉलोनी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पिता ने थाने में तहरीर दी। इसमें बताया कि उसकी 15 वर्षीय पुत्री बिचपुरी खेड़ा स्थित एक स्कूल में पढ़ाती थी। वह नौ सितंबर 2019 को पढ़ाने गई थी। वह स्कूल छुट्टी के बाद घर नहीं आई तो परिजनों को उसकी चिंता हुई। वह उसे देखने के लिए स्कूल पहुंची तो पता चला कि वह आज पढ़ाने के लिए नहीं आई थी। इस पर उन्होंने पुत्री की खोजबीन की लेकिन उसका पता नहीं चल सका। बाद में जानकारी मिली कि उसके गांव में अपने बहनोई के पास रहने वाला मोहित निवासी बिजौली उसे ले गया था।
तहरीर के आधार पर पुलिस ने किशोरी अपहरण की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की थी। पुलिस ने छानबीन के बाद किशोरी को बरामद कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। किशोरी से पूछताछ व विवेचना के बाद पुलिस ने मोहित के खिलाफ किशोरी का अपहरण व दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट की धाराओं में कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। शनिवार को मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट की कोर्ट में हुई। कोर्ट ने साक्ष्यों व गवाहों के आधार मोहित को दोषी पाते हुए 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई।