रेलवे स्टेशन के पास स्थित बाग में सोमवार की रात बदायूं निवासी वीरेश (29) की गला दबाकर हत्या कर दी गई। गले में फंदा डालकर शव पेड़ से लटका दिया गया। वीरेश एक दलित युवती को बहला कर ले जाने का आरोपी था। युवती के घरवालों पर हत्या का आरोप लगा है।
मंगलवार सुबह करीब छह बजे लोगों ने शव को देखा और जीआरपी को बताया। हालांकि जीआरपी व थाना मारहरा पुलिस तीन घंटे तक सीमा विवाद में उलझी रही और शव लटका रहा। बाद में अधिकारियों के निर्देश पर मारहरा पुलिस ने शव उतारा। सूचना पर आए परिवारीजनों ने शव की शिनाख्त की। वीरेश गांव पलिया थाना उझानी, बदायूं का रहने वाला था। वह तीन माह पूर्व पास के ही गांव की एक दलित युवती के साथ फरार हुआ था। पांच मई को पुलिस ने युवती को बरामद किया। सोमवार को युवती ने कोर्ट में वीरेश के खिलाफ बयान दिए थे।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाने के कारण उसकी मौत होने की बात सामने आई है। परिवारीजनों ने बताया कि वीरेश युवती के बयान बदलने के बाद से काफी परेशान था। वह सोमवार को कासगंज के गांव हथौड़ावन में अपनी बहन के घर गया था। कुछ देर रुकने के बाद वहां से भी चला गया। तभी से उसका मोबाइल बंद था।